दुमका // जिले के मसलिया थाना क्षेत्र के जामजुड़ी गांव में कथित अवैध संबंध के शक में एक युवक की कुल्हाड़ी से हत्या कर दी गई। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर हत्या में प्रयुक्त कुल्हाड़ी बरामद कर ली है। आरोपी को न्यायालय में पेश करने के बाद न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया।
पुलिस के अनुसार, मृतक की पहचान बड़ा चपूड़िया गांव निवासी जॉन देवराज दत्ता (40 वर्ष) के रूप में हुई है। आरोपी सुभाष मुर्मू को अपनी पत्नी और मृतक के बीच कथित अवैध संबंध होने का संदेह था।
दोनों एक रिश्तेदार के घर ठहरे हुए थे
बताया जाता है कि शुक्रवार रात दोनों एक रिश्तेदार के घर ठहरे हुए थे। शनिवार तड़के जब देवराज दत्ता सो रहे थे, तभी आरोपी ने कुल्हाड़ी से उन पर हमला कर दिया। गंभीर रूप से घायल देवराज को इलाज के लिए फूलो झानो मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल, दुमका ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
मृतक के पिता डॉ. बिराज तरुण कुमार दत्ता के लिखित आवेदन पर मसलिया थाना में प्राथमिकी दर्ज की गई। थाना प्रभारी राजेश रंजन ने बताया कि पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया और हत्या में प्रयुक्त कुल्हाड़ी भी बरामद कर ली।
पूछताछ के दौरान आरोपी ने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया। आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया।पुलिस मामले की आगे की जांच कर रही है।
देवघर // राजकीय श्रावणी मेला 2026 के शुभारंभ से पहले बाबा बैद्यनाथ धाम में श्रद्धालुओं की सुविधा, सुरक्षा और सुगम जलार्पण व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में जिला प्रशासन ने एक महत्वपूर्ण पहल की है। शनिवार को बाबा बैद्यनाथ मंदिर परिसर में नवनिर्मित फुट ओवरब्रिज (Foot Over Bridge) का सफल परीक्षण किया गया।
परीक्षण के दौरान उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी सौरभ कुमार भुवानिया और पुलिस अधीक्षक प्रवीण पुष्कर मौजूद रहे। वैदिक मंत्रोच्चार और विधि-विधान के साथ ओवरब्रिज का परीक्षण संपन्न हुआ। इस अवसर पर उप विकास आयुक्त पीयूष सिन्हा, नगर आयुक्त सुलोचना मीना तथा अनुमंडल पदाधिकारी सह बाबा मंदिर प्रभारी रवि कुमार सहित कई प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित रहे।
श्रद्धालुओं को मिलेगा सुरक्षित और सुगम मार्ग
उपायुक्त सौरभ कुमार भुवानिया ने कहा कि जिला प्रशासन बाबाधाम आने वाले प्रत्येक श्रद्धालु की सुरक्षा और सुविधा सुनिश्चित करने के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रहा है। उन्होंने बताया कि श्रावणी मेले और सामान्य दिनों में भारी भीड़ को देखते हुए कतार प्रबंधन को और अधिक प्रभावी बनाना प्रशासन की प्राथमिकता है।
उन्होंने कहा कि नया फुट ओवरब्रिज श्रद्धालुओं को बिना किसी बाधा के सुरक्षित तरीके से मंदिर प्रांगण तक पहुंचने में मदद करेगा। इससे भीड़ का दबाव कम होगा और जाम व भगदड़ जैसी संभावित स्थितियों से बचाव संभव हो सकेगा।
सुरक्षा व्यवस्था होगी और प्रभावी
पुलिस अधीक्षक प्रवीण पुष्कर ने कहा कि सुरक्षा के दृष्टिकोण से यह फुट ओवरब्रिज अत्यंत महत्वपूर्ण साबित होगा। इसके चालू होने से सुरक्षा बलों को कतार नियंत्रित करने में आसानी होगी तथा भीड़ का बेहतर प्रबंधन किया जा सकेगा। साथ ही असामाजिक तत्वों पर प्रभावी निगरानी रखी जा सकेगी, जिससे श्रद्धालु शांतिपूर्ण एवं व्यवस्थित तरीके से बाबा बैद्यनाथ का दर्शन कर सकेंगे।
कई गणमान्य लोग रहे मौजूद
इस अवसर पर पंडा धर्मरक्षिणी सभा के अध्यक्ष, महामंत्री, स्थानीय पुरोहित समाज के प्रतिनिधि, अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी, ट्रैफिक डीएसपी, जिला खेल पदाधिकारी, सहायक जनसंपर्क पदाधिकारी सहित संबंधित विभागों के अधिकारी एवं अभियंता भी उपस्थित रहे।
जसीडीह थाना क्षेत्र में छापेमारी के दौरान पुलिस ने अर्धनिर्मित मकान से गैंग को दबोचा, कई थाना क्षेत्रों में साइबर पुलिस बनकर लूट की वारदात कबूली—
देवघर // पुलिस ने जिले में अपराध नियंत्रण अभियान के तहत बड़ी सफलता हासिल करते हुए फर्जी साइबर पुलिस बनकर लूटपाट करने वाले एक संगठित ‘वर्दी गैंग’ का पर्दाफाश किया है।
पुलिस अधीक्षक को मिली गुप्त सूचना के आधार पर गठित विशेष छापेमारी दल ने जसीडीह थाना क्षेत्र के कोकहराजोरी से रौशन मोड़ जाने वाली मुख्य सड़क किनारे स्थित एक अर्धनिर्मित मकान में छापेमारी कर 10 अपराधियों को गिरफ्तार किया।
मौके से अवैध हथियार, जिंदा कारतूस, पुलिस जैसी केमोफ्लाज वर्दी, टोपी, पुलिस स्टिक तथा दो मोटरसाइकिल बरामद की गई।
पुलिस के अनुसार गिरफ्तार अपराधी साइबर पुलिस की वर्दी पहनकर कथित साइबर अपराधियों के घरों में छापेमारी का नाटक करते थे और लूटपाट की घटनाओं को अंजाम देते थे। उन्हें भरोसा था कि अधिकांश पीड़ित स्वयं साइबर गतिविधियों में संलिप्त होने के कारण पुलिस में शिकायत नहीं करेंगे, जिसका वे फायदा उठाते थे।
मुख्य सरगना और गैंग का नेटवर्क
पुलिस के अनुसार गैंग का मुख्य सरगना मो. मुबारक अंसारी उर्फ गुड्डू है, जो वर्तमान में हुसैनाबाद का उप-मुखिया बताया गया है। गिरोह में मो. फारुख अंसारी, सुलेमान साह, पाण्डेय यादव और अल्ताफ अंसारी उर्फ गुड्डू सहित कई अपराधी शामिल थे। इनमें से मो. फारुख अंसारी फिरौती के लिए अपहरण जैसे गंभीर मामले में सजायाफ्ता भी रह चुका है।
इन इलाकों में लूट की घटनाएं कबूली
पूछताछ में गिरफ्तार अपराधियों ने जसीडीह, सोनारायठाढ़ी, मोहनपुर, मधुपुर और पथरौल थाना क्षेत्रों में साइबर पुलिस बनकर कई लूट की घटनाओं को अंजाम देने की बात स्वीकार की है। पुलिस इन मामलों की विस्तृत जांच कर रही है।
मामला दर्ज
इस संबंध में जसीडीह थाना कांड संख्या 248/2026, दिनांक 25 जुलाई 2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं तथा आर्म्स एक्ट के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई है।
बरामद सामान
एक देशी कट्टा (पिस्टल)
चार जिंदा कारतूस
एक पिस्टल मैगजीन
पांच केमोफ्लाज टी-शर्ट
पांच केमोफ्लाज फुल पैंट
पांच केमोफ्लाज टोपी
चार प्लास्टिक पुलिस स्टिक
दो मोटरसाइकिल (होंडा शाइन एवं हीरो स्प्लेंडर प्रो)
गिरफ्तार अपराधी
पुलिस ने इस कार्रवाई में
मो. फारुख अंसारी,
मो. मुबारक अंसारी उर्फ गुड्डू,
इजरायल अंसारी,
ताहिर अंसारी,
बब्लू अंसारी,
सहबाज आलम,
पाण्डेय यादव,
सुलेमान साह,
अकरम साह और
अल्ताफ अंसारी उर्फ गुड्डू को गिरफ्तार किया है।
छापेमारी टीम
इस कार्रवाई का नेतृत्व पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर जसीडीह थाना के सह थाना प्रभारी दीपक कुमार ने किया। अभियान में देवीपुर, मोहनपुर, चितरा, मधुपुर और जसीडीह थाना के पदाधिकारियों के साथ तकनीकी शाखा, सशस्त्र बल और चौकीदारों की भी महत्वपूर्ण भूमिका रही।
देवघर // के जसीडीह थाना क्षेत्र स्थित रुद्रा फाउंडेशन नशा मुक्ति केंद्र में 15 वर्षीय किशोर की संदिग्ध मौत के मामले ने पूरे जिले को झकझोर कर रख दिया है। पीड़ित के पिता की शिकायत पर पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 103(1) एवं 61(2) के तहत मामला दर्ज किया है। इस मामले में एक आरोपी अंकित कुमार को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है, जबकि अन्य नामजद आरोपी अब भी फरार हैं। घटना में घायल 11 अन्य बच्चे सदर अस्पताल, देवघर में इलाजरत हैं।
17 जुलाई को नशा मुक्ति केंद्र में कराया था भर्ती
एफआईआर के अनुसार, शिकायतकर्ता चंदन केशरी, निवासी झोसागाड़ी, सदर अस्पताल के समीप, देवघर ने बताया कि उन्होंने 17 जुलाई 2026 को अपने 15 वर्षीय पुत्र अक्षत कुमार केशरी को जसीडीह थाना क्षेत्र के डाबरग्राम स्थित रुद्रा फाउंडेशन नशा मुक्ति केंद्र में भर्ती कराया था।
18 जुलाई को भी बेटे से मिलने नहीं दिया गया
शिकायत में कहा गया है कि 18 जुलाई को वह अपने बेटे के लिए कपड़े लेकर नशा मुक्ति केंद्र पहुंचे थे। लेकिन वहां मौजूद अंकित कुमार ने गेट पर ही कपड़े लेकर उन्हें वापस भेज दिया। उन्हें अपने बेटे से मिलने नहीं दिया गया।
फोटो: 23 जुलाई 2026 मृतक बच्चे के साथ परिजन रोते बिलखते
एफआईआर में यह भी आरोप लगाया गया है कि बेटे के पास मोबाइल होने के बावजूद नशा मुक्ति केंद्र के संचालक और कर्मचारी उससे बात नहीं करने देते थे। परिजनों से हमेशा केंद्र के मोबाइल से अंकित कुमार और अहिर मुखर्जी बात करते थे। शिकायतकर्ता का आरोप है कि उनके बेटे की स्थिति के बारे में कभी कोई जानकारी नहीं दी गई।
23 जुलाई को आया फोन—’तबीयत खराब है, जल्दी आइए’
एफआईआर के अनुसार, 23 जुलाई 2026 को दोपहर करीब 1:42 बजे नशा मुक्ति केंद्र से फोन कर बताया गया कि उनके बेटे की तबीयत खराब है और जल्द केंद्र पहुंचने को कहा गया। जब शिकायतकर्ता ने अपने बेटे से बात कराने का आग्रह किया तो केंद्र के लोगों ने बात नहीं कराई।
केंद्र पहुंचने पर मृत अवस्था में मिला बेटा
शिकायतकर्ता अपने भाई के साथ करीब 2:15 बजे नशा मुक्ति केंद्र पहुंचे। एफआईआर के अनुसार, वहां मुख्य गेट खुला था और परिसर में पुलिस मौजूद थी। शिकायतकर्ता ने जब काउंसलर कृष्णा मुखर्जी से अपने बेटे के बारे में पूछा तो बताया गया कि वह दूसरे कमरे में है। जब वह कमरे में पहुंचे तो उनका बेटा मृत अवस्था में पड़ा हुआ था। एफआईआर में आरोप लगाया गया है कि मृतक के पूरे शरीर पर जख्म के निशान थे और शरीर नीला पड़ चुका था।
मारपीट और करेंट लगाकर हत्या का आरोप
एफआईआर में गंभीर आरोप लगाया गया है कि कृष्णा मुखर्जी, अहिर मुखर्जी, अंकित कुमार, सुमित कुमार एवं अन्य कर्मचारियों ने आपसी षड्यंत्र के तहत बच्चे के साथ बेरहमी से मारपीट की। शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया है कि बच्चे के शरीर पर किसी कठोर वस्तु से हमला किया गया तथा करेंट लगाकर उसे जान से मार दिया गया, जिसके बाद शव को कमरे में रख दिया गया और फिर परिजनों को फोन कर बुलाया गया।
इन लोगों को बनाया गया आरोपी
पुलिस ने शिकायत के आधार पर निम्नलिखित लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है—
कृष्णा मुखर्जी
अहिर मुखर्जी
अंकित कुमार
सुमित कुमार
अन्य अज्ञात कर्मचारी
मामला भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 103(1) एवं 61(2) के तहत दर्ज किया गया है।
23 जुलाई को फूटा लोगों का गुस्सा
घटना की जानकारी मिलने के बाद 23 जुलाई को स्थानीय लोगों और परिजनों में भारी आक्रोश फैल गया। लोगों ने प्रदर्शन कर दोषियों की तत्काल गिरफ्तारी, नशा मुक्ति केंद्र की जांच और कड़ी कार्रवाई की मांग की।
एक आरोपी गिरफ्तार, बाकी की तलाश जारी
पुलिस ने मामले में कार्रवाई करते हुए 24 जुलाई 2026 को नामजद आरोपी अंकित कुमार को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। वहीं अन्य आरोपी कृष्णा मुखर्जी, अहिर मुखर्जी, सुमित कुमार समेत अन्य की गिरफ्तारी के लिए पुलिस लगातार छापेमारी कर रही है।
11 बच्चे अब भी अस्पताल में भर्ती
घटना के बाद नशा मुक्ति केंद्र से निकाले गए 11 बच्चे फिलहाल सदर अस्पताल, देवघर में इलाजरत हैं। उनकी चिकित्सकीय निगरानी की जा रही है। पूरे मामले की जांच जारी है।
देवघर// झारखंड के देवघर स्थित बाबा बैद्यनाथ धाम मंदिर परिसर से शादी के नाम पर कथित ठगी का एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। उत्तर प्रदेश के प्रयागराज (नैनी) निवासी एक युवक ने आरोप लगाया है कि पटना की रहने वाली एक युवती उससे शादी करने के बहाने देवघर बुलाकर लाखों रुपये के सोने-चांदी के गहने और कपड़े लेकर फरार हो गई।
मंदिर में शादी की थी योजना
पीड़ित श्रीकांत तिवारी, निवासी नैनी (प्रयागराज), ने बताया कि उसकी पहचान मुंबई में रहने वाले एक रिश्तेदार के माध्यम से पटना निवासी रेणु कुमारी से हुई थी। रेनू कुमारी का बुआ का लड़का मुम्बई में रहता है और पीड़ित श्रीकांत तिवारी का भी एक रिश्तेदार वहां रहता है दोनों ने सप्ताह भर बात किया उसके बाद युवती ने बताया था कि उसके माता-पिता नहीं हैं और वह शादी करना चाहती है। इसके बाद दोनों पक्षों के बीच लगभग एक सप्ताह तक बातचीत हुई।
बाद में दोनों ने बाबा बैद्यनाथ धाम मंदिर में शादी करने का फैसला किया। तय कार्यक्रम के अनुसार श्रीकांत तिवारी देवघर पहुंचे, जहां जसीडीह रेलवे स्टेशन पर युवती ने उन्हें रिसीव किया।
खरीदारी के बाद हुई फरार
पीड़ित के अनुसार, दोनों ने बाजार से करीब 3 हजार रुपये की साड़ी सहित अन्य सामान खरीदा। इसके बाद मंदिर परिसर पहुंचे। युवती ने शादी के लिए खरीदे गए सोने-चांदी के गहने और कपड़े अपने पास लेते हुए कहा कि वह तैयार होकर आती है और युवक से भी तैयार होने को कहा।
श्रीकांत तिवारी जब तैयार होकर वापस लौटे तो युवती वहां से गायब थी। मंदिर परिसर में मौजूद लोगों से पूछताछ और आसपास काफी तलाश करने के बावजूद उसका कोई पता नहीं चला।
पुलिस से कार्रवाई की मांग
पीड़ित का आरोप है कि युवती शादी का झांसा देकर लाखों रुपये के गहने और सामान लेकर फरार हो गई। उन्होंने पुलिस से मामले की जांच कर आरोपी युवती के खिलाफ कार्रवाई करने और सामान बरामद कराने की मांग की है।
नोट: यह खबर पीड़ित द्वारा लगाए गए आरोपों पर आधारित है। मामले में पुलिस की जांच और आधिकारिक पुष्टि होना शेष है।
देवघर// झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) देवघर जिला कमेटी की ओर से गुरुवार को टावर चौक पर जिला अध्यक्ष संजय शर्मा के नेतृत्व में केंद्र सरकार का पुतला दहन किया गया। प्रदर्शनकारियों ने दिल्ली के जंतर-मंतर पर चल रहे छात्र आंदोलन के दौरान कथित लाठीचार्ज और NEET-2026 तथा CBSE मूल्यांकन में कथित अनियमितताओं के विरोध में केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
झामुमो नेताओं ने कहा कि देशभर के छात्र केंद्रीय शिक्षा मंत्री के इस्तीफे, शिक्षा व्यवस्था में सुधार और परीक्षा संबंधी अनियमितताओं के खिलाफ आंदोलन कर रहे हैं। ऐसे समय में आंदोलनरत छात्रों पर बल प्रयोग लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ है।
नेताओं ने केंद्र सरकार पर साधा निशाना
जिला अध्यक्ष संजय शर्मा ने कहा कि जब-जब केंद्र सरकार निर्दोष लोगों पर लाठीचार्ज या दमनात्मक कार्रवाई करेगी, झारखंड मुक्ति मोर्चा आंदोलन करने के लिए बाध्य होगा।
पूर्व प्रवक्ता सुरेश साह ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार विभिन्न मुद्दों पर विफल रही है। उन्होंने शिक्षा व्यवस्था और NEET से जुड़े विवादों का भी उल्लेख किया।
पूर्व प्रत्याशी परिमल सिंह ने कहा कि युवाओं को रोजगार देने के बजाय उनके साथ कठोर व्यवहार किया जा रहा है, जो उचित नहीं है।
राहुल चंद्रवंशी ने कहा कि युवा वर्ग के साथ लगातार अन्याय हो रहा है और युवा अपने अधिकारों की लड़ाई जारी रखेंगे।
महिला मोर्चा अध्यक्ष नीलम देवी ने छात्र आंदोलन के दौरान घायल छात्रा को 50 लाख रुपये मुआवजा देने की मांग की।
छात्र मोर्चा के जिला सचिव संजय मेहरा ने छात्रों पर लाठीचार्ज को दुर्भाग्यपूर्ण बताते हुए कहा कि युवाओं को रोजगार देने के बजाय उन पर बल प्रयोग किया जा रहा है।
कार्यक्रम में ये रहे उपस्थित कार्यक्रम में मुख्य रूप से केंद्रीय समिति सदस्य नंदकिशोर दास, लड्डू नरौने, जयप्रकाश मंडल, मनोज दास, महिला मोर्चा अध्यक्ष नीलम देवी, महानगर अध्यक्ष प्रदीप चौधरी, उपाध्यक्ष दीपक दास, प्रखंड अध्यक्ष विपिन यादव, व्यवसायिक मोर्चा अध्यक्ष श्याम कांत झा, प्रकाश पांडे, जय नाथ मंडल एवं अजय नारायण मिश्रा सहित बड़ी संख्या में झामुमो कार्यकर्ता मौजूद रहे।
देवघर // साइबर थाना पुलिस ने साइबर अपराधियों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए 7 साइबर अपराधियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार ये आरोपी Flipkart/Amazon Pay, Airtel Payment Bank तथा Google Pay/PhonePe/Paytm Customer Care के फर्जी प्रतिनिधि बनकर लोगों को ठगी का शिकार बनाते थे।
पुलिस अधीक्षक प्रवीण पुष्कर (भा.पु.से.) के निर्देश पर पुलिस उपाधीक्षक कैलाश प्रसाद मरांडी के नेतृत्व में 22 जुलाई 2026 को चलाए गए विशेष अभियान के दौरान पाथरौल थाना क्षेत्र में छापेमारी कर सातों आरोपियों को गिरफ्तार किया गया।
ऐसे देते थे साइबर ठगी को अंजाम
प्रेस नोट के अनुसार आरोपी कई अलग-अलग तरीकों से लोगों को अपने जाल में फंसाते थे—Google Pay, PhonePe और Paytm के फर्जी Customer Care अधिकारी बनकर कैशबैक का लालच देकर ठगी।PM किसान योजना, बिजली बिल और RTO चालान के नाम पर APK फाइल भेजकर मोबाइल का एक्सेस हासिल करना।Airtel Payment Bank अधिकारी बनकर Airtel Thanks App के माध्यम से बैंक कार्ड अपडेट या सहायता के नाम पर ठगी करना।Flipkart/Amazon Pay Customer Care बनकर लोगों से बैंकिंग और ओटीपी संबंधी जानकारी हासिल करना।
गिरफ्तार आरोपी
नसीम अंसारी (25 वर्ष), चेतनारी, पाथरौल, देवघर
दीपक कुमार दास (19 वर्ष), बड़ासंघरा, पाथरौल
मो० अफजल हक (28 वर्ष), चेतनारी, पाथरौल
गोपी पंडित (27 वर्ष), कुटरा, नारायणपुर, जामताड़ा
विजय कुमार दास (21 वर्ष), फूलदुवां, सारठ
भवेश कुमार (18 वर्ष), खपचवा, सारठ
अजय कुमार (24 वर्ष), खपचवा, सारठ
बरामदगी
13 मोबाइल फोन, कई सिम कार्ड एवं साइबर अपराध में प्रयुक्त अन्य डिजिटल सामग्री बरामद की गई है। जब्त मोबाइल और सिम कार्ड की प्रारंभिक जांच में साइबर ठगी में संलिप्तता के साक्ष्य मिले हैं।
पुलिस की अपील
देवघर पुलिस ने आम लोगों से अपील की है कि किसी भी अनजान व्यक्ति के कहने पर OTP, बैंक विवरण या स्क्रीन शेयर न करें, किसी भी APK फाइल को डाउनलोड न करें तथा संदिग्ध कॉल आने पर तुरंत साइबर हेल्पलाइन 1930 या नजदीकी साइबर थाना से संपर्क करें।
देवघर // नगर थाना पुलिस ने चोरी के एक मामले का सफल उद्भेदन करते हुए बिहार के दो शातिर आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उनके कब्जे से ₹1.45 लाख नकद, चोरी के जेवरात तथा पीतल एवं कांसा के बर्तन बरामद किए हैं।
पुलिस द्वारा जारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, नगर थाना कांड संख्या 276/2026 दिनांक 18 जुलाई 2026 में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 305(ए) एवं 331(2) के तहत अज्ञात अपराधियों के विरुद्ध मामला दर्ज किया गया था। वादी उमेश तिवारी (63 वर्ष) के लिखित आवेदन पर प्राथमिकी दर्ज होने के बाद पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर एक विशेष टीम का गठन किया गया। तकनीकी एवं मानवीय साक्ष्यों के आधार पर टीम ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस ने आरोपियों के पास से निम्नलिखित सामान बरामद किया है—एक चांदी जैसा दिखने वाला चेनदो चांदी जैसे दिखने वाले मठियादो सोने जैसे दिखने वाले मंगलसूत्र एवं एक मांगटीकापान का पत्ता, ब्रेसलेट, सुपाड़ी, पायल, सिक्का सहित अन्य आभूषण₹1,45,000 नकद , पीतल एवं कांसा के बर्तन
आरोपी का आपराधिक इतिहास
प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार गिरफ्तार आरोपी राधो पासवान के विरुद्ध पहले भी झारखंड के बोकारो, धनबाद सहित विभिन्न थानों में लूट, चोरी और आर्म्स एक्ट से जुड़े कई मामले दर्ज हैं।
पुलिस ने बताया कि मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है तथा चोरी के पूरे नेटवर्क की भी जांच की जा रही है।
उच्चस्तरीय बैठक में योजनाओं की प्रगति की समीक्षा, समय पर गुणवत्ता के साथ कार्य पूरा करने का निर्देश
देवघर // झारखंड के निदेशक समिति सह निदेशक भूमि संरक्षण विकास कुमार ने बुधवार को देवघर दौरे के दौरान कृषि एवं भूमि संरक्षण विभाग की विभिन्न योजनाओं की समीक्षा की। संयुक्त कृषि भवन, चांदपुर में आयोजित उच्चस्तरीय बैठक में उन्होंने अधिकारियों एवं प्रसार कर्मियों को सभी योजनाओं को गुणवत्ता के साथ निर्धारित समय सीमा में पूरा करने का निर्देश दिया।
बैठक में आत्मा (ATMA) द्वारा संचालित प्रशिक्षण, किसान परिभ्रमण, प्रत्यक्षण, राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा मिशन (NFSM) तथा भूमि संरक्षण योजनाओं की प्रगति की विस्तार से समीक्षा की गई। निदेशक ने कहा कि योजनाओं का लाभ समय पर किसानों तक पहुंचना सुनिश्चित किया जाए।देवीपुर में तालाब जीर्णोद्धार और प्राकृतिक खेती का किया निरीक्षण
समीक्षा बैठक के बाद निदेशक विकास कुमार ने देवीपुर प्रखंड के विभिन्न गांवों का दौरा कर भूमि संरक्षण विभाग द्वारा कराए गए तालाब जीर्णोद्धार एवं डीप बोरिंग कार्यों का स्थलीय निरीक्षण किया। उन्होंने अधिकारियों और किसानों से बातचीत कर कार्यों की जानकारी ली तथा आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
इस दौरान उन्होंने प्राकृतिक खेती (नेचुरल फार्मिंग) के तहत किए जा रहे कार्यों का भी निरीक्षण किया और किसानों द्वारा अपनाई जा रही इस पहल की सराहना की।
100 प्रतिशत अनुदान पर बांटे गए अरहर के बीजमधुपुर प्रखंड की पत्थलजोड़ पंचायत के चेचाली गांव में आयोजित किसान गोष्ठी में निदेशक ने किसानों को संबोधित किया। इस अवसर पर किसानों के बीच 100 प्रतिशत अनुदान पर अरहर के बीज वितरित किए गए।
उन्होंने किसानों को दलहनी फसलों के वैज्ञानिक महत्व की जानकारी देते हुए बताया कि अरहर जैसी फसलें प्राकृतिक रूप से मिट्टी में नाइट्रोजन स्थिरीकरण करती हैं, जिससे भूमि की उर्वरा शक्ति बढ़ती है और अगली फसल को भी लाभ मिलता है। इससे यूरिया की आवश्यकता भी कम हो जाती है।
किसानों का बढ़ाया उत्साह, खुद खेत में उतरकर की धान रोपनी
किसानों का मनोबल बढ़ाने के लिए निदेशक विकास कुमार स्वयं खेत में उतरे और किसानों के साथ पारंपरिक तरीके से धान की रोपनी की। अधिकारियों को खेत में काम करते देख किसानों में खासा उत्साह देखने को मिला। ग्रामीणों ने इस पहल की सराहना करते हुए इसे किसानों के प्रति सकारात्मक संदेश बताया।
कार्यक्रम में जिला कृषि पदाधिकारी डॉ. बिना कुमारी टुडू, जिला भूमि संरक्षण पदाधिकारी मुकेश कुमार, जिला उद्यान पदाधिकारी यशराज, उप परियोजना निदेशक (आत्मा) अरविंद कुमार राय, प्रखंड तकनीकी प्रबंधक शशांक शेखर सहित कृषि विभाग के अधिकारी, प्रसार कर्मी और बड़ी संख्या में किसान उपस्थित रहे।
नगर आयुक्त और एसडीओ ने कर्मियों को कर्तव्यनिष्ठा, अनुशासन और सेवाभाव का पढ़ाया पाठ
देवघर // राजकीय श्रावणी मेला 2026 के सफल एवं सुचारु संचालन को लेकर जिला प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी सौरभ कुमार भुवानिया के निर्देशानुसार सूचना भवन सभागार में नव-चयनित सूचना सह सहायता कर्मियों (उद्घोषकों) एवं मातृत्व विश्राम गृह के सहयोगी कर्मियों को विशेष प्रशिक्षण दिया गया।
प्रशिक्षण कार्यक्रम की अध्यक्षता नगर आयुक्त सुलोचना मीना और अनुमंडल पदाधिकारी रवि कुमार ने की।
श्रद्धालुओं की सेवा सर्वोच्च प्राथमिकतानगर आयुक्त सुलोचना मीना ने कहा कि उद्घोषकों की जिम्मेदारी केवल बिछड़े श्रद्धालुओं को उनके परिजनों से मिलाने तक सीमित नहीं है, बल्कि पूरे सेवाभाव, संवेदनशीलता और कर्तव्यनिष्ठा के साथ श्रद्धालुओं की हर संभव सहायता करना भी उनका दायित्व है।
उन्होंने कहा कि मेले में आने वाले प्रत्येक श्रद्धालु को बेहतर सुविधा और सम्मानजनक व्यवहार मिलना चाहिए।
नई तकनीक से होगी हाईटेक सूचना व्यवस्था
प्रशासन ने इस वर्ष सूचना व्यवस्था को पहले से अधिक आधुनिक बनाने का निर्णय लिया है। मेला क्षेत्र के सभी 34 सूचना सह सहायता केंद्रों को तकनीकी रूप से आपस में जोड़ा जाएगा। इससे भीड़ में बिछड़े कांवरियों की पहचान कर उनके परिजनों से शीघ्र संपर्क स्थापित करने में आसानी होगी और सूचना का आदान-प्रदान तेज़ी से हो सकेगा।
34 सहायता केंद्र, 10 मातृत्व विश्राम गृह और चौबीसों घंटे सेवा
जिला जनसंपर्क पदाधिकारी राहुल कुमार भारती ने बताया कि पूरे मेला क्षेत्र में 34 सूचना सह सहायता केंद्र और 4 टोटो चौबीसों घंटे कार्यरत रहेंगे। जहां टोटो नहीं पहुंच पाएंगे, वहां सहायता के लिए दो बाइकर्स तैनात रहेंगे।महिला श्रद्धालुओं और बच्चों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए 10 मातृत्व विश्राम गृह बनाए गए हैं।
यहां सैनिटरी पैड, बच्चों के डायपर, दूध और बिस्कुट जैसी आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। इन केंद्रों पर महिला कर्मियों की भी प्रतिनियुक्ति की गई है।
समयपालन और अनुशासन पर विशेष जोर
अनुमंडल पदाधिकारी रवि कुमार ने सभी उद्घोषकों को निर्देश दिया कि वे अपनी ड्यूटी पर निर्धारित समय से 30 मिनट पहले पहुंचें तथा अपनी उपस्थिति व्हाट्सएप ग्रुप और उपस्थिति पंजी में दर्ज करें। उन्होंने कहा कि श्रद्धालुओं को सही और सटीक जानकारी देना, मधुर व्यवहार रखना तथा आपात स्थिति में त्वरित सहायता उपलब्ध कराना उनकी सबसे महत्वपूर्ण जिम्मेदारी होगी।
सर्राफ स्कूल में बनेगा केंद्रीय सूचना केंद्र
प्रशासन ने बताया कि सर्राफ स्कूल में केंद्रीय सूचना केंद्र संचालित किया जाएगा, जहां से विशेष सहायता की आवश्यकता वाले श्रद्धालुओं को उनके घर तक सुरक्षित भेजने की व्यवस्था की जाएगी। जिला प्रशासन ने सभी कर्मियों से सेवाभाव, अनुशासन और समर्पण के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करने की अपील की है, ताकि राजकीय श्रावणी मेला 2026 श्रद्धालुओं के लिए सुरक्षित, व्यवस्थित और यादगार बन सके।
स्टार्च मिला पनीर बेचने का खुलासा, सप्लायर और दुकानदारों पर होगी कानूनी कार्रवाई
देवघर // श्रावणी मेला और त्योहारों के दौरान लोगों को शुद्ध एवं सुरक्षित खाद्य सामग्री उपलब्ध कराने के उद्देश्य से जिला प्रशासन ने जसीडीह रेलवे स्टेशन के आसपास स्थित खाद्य प्रतिष्ठानों पर औचक छापेमारी की।
उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी सौरभ कुमार भुवानिया के निर्देश पर चलाए गए इस अभियान में लगभग 35 किलोग्राम मिलावटी पनीर को जब्त कर नष्ट कर दिया गया।
खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने निरीक्षण के दौरान ‘शांति कृष्ण दरबार’ नामक प्रतिष्ठान में बेचे जा रहे पनीर की मौके पर जांच की। जांच में पनीर में भारी मात्रा में स्टार्च की मिलावट की पुष्टि हुई। इसके बाद तत्काल कार्रवाई करते हुए करीब 25 किलोग्राम मिलावटी पनीर को मौके पर ही नष्ट कराया गया।
पूछताछ के दौरान दुकानदार ने स्वीकार किया कि वह यह पनीर रेलवे के माध्यम से मंगाता है। उसने बताया कि यह खेप बाढ़ (बढ़ैया) निवासी राजदेव यादव नामक व्यापारी द्वारा सप्लाई की जाती है। प्रशासन अब सप्लायर की भूमिका की भी जांच कर रहा है।
अभियान के दौरान ‘अमन एजेंसी’ में भी छापेमारी की गई। यहां भी पनीर की गुणवत्ता मानकों के अनुरूप नहीं पाई गई। विभाग ने लगभग 8 से 10 किलोग्राम संदिग्ध एवं मिलावटी पनीर को जब्त कर नष्ट कर दिया।
खाद्य सुरक्षा विभाग ने संबंधित दुकानदारों को कड़ी चेतावनी देते हुए कहा कि आम लोगों के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के तहत सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि श्रावणी मेला के दौरान और आगे भी ऐसे सघन जांच अभियान लगातार जारी रहेंगे।
देवघर// आसनसोल–जयनगर, देवघर–रक्सौल और मधुपुर–इतवारी के बीच चलेगी श्रावणी मेला विशेष ट्रेनेंदेवघर, 22 जुलाई 2026। श्रावणी मेला 2026 के दौरान बाबा बैद्यनाथ धाम आने वाले श्रद्धालुओं की बढ़ती भीड़ को देखते हुए भारतीय रेलवे ने तीन और श्रावणी मेला विशेष ट्रेनों के संचालन की घोषणा की है।
इन ट्रेनों के चलने से बिहार, झारखंड, पश्चिम बंगाल और महाराष्ट्र की ओर से आने वाले यात्रियों को बड़ी राहत मिलेगी तथा अतिरिक्त सीटों की उपलब्धता सुनिश्चित होगी।
1. जयनगर–आसनसोल श्रावणी मेला विशेष (05597/05598)05597 जयनगर–आसनसोल श्रावणी मेला विशेष 31 जुलाई से 30 अगस्त 2026 तक प्रत्येक शुक्रवार, रविवार और मंगलवार को (कुल 14 फेरे) संचालित होगी।
ट्रेन जयनगर से रात 9:00 बजे रवाना होकर अगले दिन 11:30 बजे आसनसोल पहुंचेगी।
वापसी में 05598 आसनसोल–जयनगर श्रावणी मेला विशेष 1 अगस्त से 31 अगस्त 2026 तक प्रत्येक शनिवार, सोमवार और बुधवार को (कुल 14 फेरे) आसनसोल से दोपहर 1:00 बजे प्रस्थान कर अगले दिन सुबह 6:00 बजे जयनगर पहुंचेगी।
पूर्व रेलवे क्षेत्र में यह ट्रेन चित्तरंजन, मधुपुर, जसीडीह और सिमुलतला स्टेशनों पर दोनों दिशाओं में रुकेगी। इसमें सामान्य द्वितीय श्रेणी और स्लीपर कोच उपलब्ध रहेंगे।
2. रक्सौल–देवघर श्रावणी मेला विशेष (05545/05546)05545 रक्सौल–देवघर श्रावणी मेला विशेष 31 जुलाई से 30 अगस्त 2026 तक प्रत्येक शुक्रवार, रविवार और मंगलवार को (कुल 14 फेरे) चलेगी। ट्रेन रक्सौल से रात 12:30 बजे प्रस्थान कर शाम 5:05 बजे देवघर पहुंचेगी।
वापसी में 05546 देवघर–रक्सौल श्रावणी मेला विशेष उन्हीं दिनों शाम 6:05 बजे देवघर से रवाना होकर अगले दिन सुबह 11:40 बजे रक्सौल पहुंचेगी।यह विशेष ट्रेन बांका, बराहाट, भागलपुर, सुल्तानगंज, जमालपुर और अभयपुर स्टेशनों पर दोनों दिशाओं में ठहरेगी। इसमें सामान्य द्वितीय श्रेणी एवं स्लीपर कोच की सुविधा रहेगी।
3. इतवारी–मधुपुर श्रावणी मेला विशेष (08895/08896)08895 इतवारी–मधुपुर श्रावणी मेला विशेष 1 अगस्त से 29 अगस्त 2026 तक प्रत्येक शनिवार (कुल 5 फेरे) संचालित होगी। ट्रेन इतवारी से सुबह 4:30 बजे चलकर अगले दिन सुबह 6:00 बजे मधुपुर पहुंचेगी।
वापसी में 08896 मधुपुर–इतवारी श्रावणी मेला विशेष 2 अगस्त से 30 अगस्त 2026 तक प्रत्येक रविवार (कुल 5 फेरे) मधुपुर से सुबह 9:00 बजे प्रस्थान कर अगले दिन सुबह 11:50 बजे इतवारी पहुंचेगी।
पूर्व रेलवे क्षेत्र में यह ट्रेन चित्तरंजन स्टेशन पर दोनों दिशाओं में रुकेगी। इसमें सामान्य द्वितीय श्रेणी, स्लीपर तथा वातानुकूलित चेयर कार की सुविधा उपलब्ध रहेगी।
श्रद्धालुओं को मिलेगी बड़ी राहत
रेलवे के इस निर्णय से श्रावणी मेला के दौरान बाबा बैद्यनाथ धाम आने वाले लाखों श्रद्धालुओं को यात्रा में अतिरिक्त सुविधा मिलेगी। विशेष ट्रेनों के संचालन से नियमित ट्रेनों पर भीड़ का दबाव कम होगा और यात्रियों को अधिक सीट क्षमता का लाभ मिलेगा।
देवघर // जिले में साइबर अपराध का एक गंभीर मामला सामने आया है। एक सेवानिवृत्त व्यक्ति ने साइबर थाना, देवघर में आवेदन देकर बताया है कि फर्जी डेबिट कार्ड अपग्रेड के नाम पर साइबर अपराधियों ने उनसे दो चरणों में कुल ₹1,97,165 की ठगी कर ली।
पीड़ित भैरोलाल गुप्ता के अनुसार, 10 जून 2026 को उन्होंने फेसबुक पर दिख रहे एक कथित बैंक संबंधी विज्ञापन पर “Apply Now” क्लिक किया। कुछ घंटों बाद एक मोबाइल नंबर 6009525048 से कॉल आया। कॉल करने वाले ने स्वयं को बैंक के कार्ड विभाग का प्रतिनिधि बताते हुए व्हाट्सएप पर एक फाइल भेजी और विभिन्न जानकारियां साझा करने को कहा।
पीड़ित ने बताया कि करीब 20 मिनट तक बातचीत के दौरान उन्हें विश्वास दिलाया गया कि उनका डेबिट कार्ड सफलतापूर्वक अपग्रेड हो गया है। लेकिन कुछ ही मिनट बाद उनके खाते से ₹51,000 की पहली अवैध निकासी का संदेश आया। इसके बाद लगातार पांच और ट्रांजैक्शन हुए और कुल ₹1,42,420 निकाल लिए गए।
पीड़ित के अनुसार उन्होंने 11 जून 2026 को इस घटना की सूचना साइबर थाना में दे दी थी। इसके बावजूद 30 जून 2026 को पेंशन की राशि खाते में जमा होने के लगभग एक घंटे के भीतर अपराधियों ने दो और अवैध निकासी कर ₹54,745 निकाल लिए। इसके बाद उन्होंने बैंक जाकर डेबिट सुविधा बंद करवाई, मोबाइल नंबर बदलवाया और खाते को फ्रीज कराया।
पीड़ित का आरोप है कि पहली घटना के दौरान साइबर अपराधियों ने मोबाइल बैंकिंग से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियां हासिल कर ली थीं, जिनका उपयोग कर दूसरी बार भी खाते से रकम निकाल ली गई।
आवेदन में उन्होंने साइबर थाना से मामले में FIR दर्ज करने, दोषियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करने तथा कुल ₹1,97,165 की राशि वापस दिलाने का अनुरोध किया है।
लोहरदगा // लोहरदगा थाना पुलिस ने एक बड़ी सफलता हासिल करते हुए हत्या की सनसनीखेज साजिश को नाकाम कर दिया है। गुप्त सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए पुलिस ने सोबरनटोली क्षेत्र से एक नीले रंग की ऑल्टो कार को घेरकर दो अपराधियों को गिरफ्तार किया है, जबकि एक अपराधी पुलिस को चकमा देकर फरार होने में कामयाब रहा।
मिली जानकारी के अनुसार, पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि तीन अपराधी अवैध हथियारों से लैस होकर किसी व्यक्ति की हत्या करने जुरिया की तरफ जा रहे हैं। सूचना मिलते ही थाना प्रभारी के निर्देश पर विशेष टीम का गठन किया गया। सोबरनटोली के पास पुलिस को देखकर कार की पिछली सीट पर बैठा कुख्यात अपराधी संजय लोहरा कूदकर गलियों में भाग निकला।
हालांकि, पुलिस टीम ने मुस्तैदी दिखाते हुए कार को चारों तरफ से घेर लिया और दो अपराधियों—हुसैन अंसारी और अजय साहू—को धर दबोचा। एसडीपीओ श्रद्धा केरकेट्टा ने पत्रकार वार्ता कर दी जानकारी।
राँची// रेलवे सुरक्षा बल रांची एवं आरपीएफ फ्लाइंग टीम रांची द्वारा ऑपरेशन “नारकोस” के अंतर्गत रांची रेलवे स्टेशन पर मादक पदार्थों की तस्करी की रोकथाम हेतु विशेष संयुक्त जांच अभियान चलाया गया। यह अभियान शिशुपाल कुमार, निरीक्षक आरपीएफ पोस्ट रांची के नेतृत्व एवं पर्यवेक्षण में संचालित किया गया।
जांच अभियान के दौरान प्लेटफॉर्म संख्या-01 स्थित वीआईपी गेट के समीप एक संदिग्ध युवक काले एवं हरे रंग का स्काई बैग लेकर बैठा हुआ दिखाई दिया। जांच दल को देखकर वह घबराने लगा, जिस पर उसे रोककर पूछताछ की गई। पूछताछ में उसने अपना नाम बृजराज यादव (19 वर्ष), पिता – निवास यादव, निवासी – ग्राम मटियारवा, थाना पदरौना, जनपद कुशीनगर (उत्तर प्रदेश) बताया।
बैग के संबंध में पूछने पर उसने स्वीकार किया कि उसमें गांजा रखा हुआ है। घटना की सूचना, सहायक सुरक्षा आयुक्त आरपीएफ रांची श्री प्रताप सिंह नेगी को दी गई, जो तुरंत मौके पर पहुंचे तथा संपूर्ण कार्रवाई का पर्यवेक्षण किया। एनडीपीएस अधिनियम के प्रावधानों के अनुसार आवश्यक कानूनी औपचारिकताएं पूर्ण करने एवं स्वतंत्र गवाहों की उपस्थिति में बैग की तलाशी ली गई।
तलाशी के दौरान बैग से चार पैकेट बरामद हुए, जिनमें गांजा पाया गया। इस प्रकार कुल 12 किलोग्राम गांजा बरामद किया गया, जिसकी अनुमानित बाजार कीमत लगभग ₹6,00,000/- है। पूछताछ के दौरान आरोपी ने बताया कि उसे मेहंदी अंसारी द्वारा संताला (ओडिशा) से गोरखपुर तक गांजा पहुंचाने का काम सौंपा गया था, जिसके बदले उसे प्रति किलोग्राम ₹1,000/- देने का वादा किया गया था।
उसने यह भी बताया कि रांची रेलवे स्टेशन पहुंचने पर आरपीएफ की जांच देखकर मेहंदी अंसारी मौके से फरार हो गया। बरामद गांजा को जब्त एवं सील किया गया। इसके उपरांत आरोपी बृजराज यादव तथा जब्त 12 किलोग्राम गांजा को अग्रिम विधिक कार्रवाई हेतु जीआरपी रांची को सुपुर्द कर दिया गया है।
इस कार्रवाई में निम्नलिखित आरपीएफ अधिकारियों एवं कर्मचारियों की महत्वपूर्ण भूमिका रही— शिशुपाल कुमार, पोस्ट कमांडर, आरपीएफ पोस्ट रांची, उपनिरीक्षक पवन कुमार, उपनिरीक्षक अजीत कुमार आरपीएफ फ्लाइंग टीम रांची -आरक्षक दिलीप कुमार जितरवाल