झारखंड की आवाज

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फ्रांसीसी अदालत ने ईरानी महिला को ‘आतंकवाद के समर्थन’ मामले में एक साल की सजा सुनाई

पेरिस // फ्रांस की एक अदालत ने ईरान की नागरिक महदीयेह एस्फंदियारी को आतंकवाद का समर्थन करने से जुड़े मामले में एक वर्ष की कारावास की सजा सुनाई है। 39 वर्षीय एस्फंदियारी को सजा के साथ-साथ फ्रांस की सरजमीं पर स्थायी प्रतिबंध (परमानेंट बैन) भी लगाया गया है। अदालत में मौजूद मीडिया प्रतिनिधियों के अनुसार, यह मामला उन बयानों से जुड़ा है जिन्हें न्यायालय ने आतंकवादी गतिविधियों के समर्थन या औचित्य ठहराने की श्रेणी में माना। सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष ने तर्क दिया कि ऐसे बयान फ्रांस के आतंकवाद-रोधी कानूनों का उल्लंघन करते हैं। विशेषज्ञों और पर्यवेक्षकों का मानना है कि यह मामला कूटनीतिक स्तर पर भी संवेदनशील हो सकता है। कुछ विश्लेषकों के अनुसार, एस्फंदियारी को ईरान में हिरासत में रखे गए दो फ्रांसीसी नागरिकों सेसिल कोहलर और जैक्स पेरिस की रिहाई से जुड़ी संभावित बातचीत में एक ‘बातचीत के कार्ड’ के रूप में देखा जा रहा है। हालांकि, फ्रांसीसी अधिकारियों की ओर से इस संबंध में कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है। (हि.स.)

सोनम वांगचुक की गिरफ्तारी को चुनौती देने वाली याचिका पर सुनवाई टली

नई दिल्ली // उच्चतम न्यायालय ने लद्दाख के कार्यकर्ता सोनम वांगचुक की पत्नी अंजलि की ओर से गिरफ्तारी को चुनौती देने वाली याचिका पर सुनवाई 10 मार्च तक टाल दिया है। जस्टिस अरविंद कुमार की अध्यक्षता वाली पीठ ने कहा कि वो होली की छुट्टियों के दौरान वांगचुक के भाषणों से संबंधित वीडियो देखेंगे। कोर्ट ने कहा कि उन्होंने उच्चतम न्यायालय के आईटी रजिस्ट्रार से कहा है कि वे होली की छुट्टियों के दौरान पेन ड्राईव के वीडियो देखने का इंतजाम करें। कोर्ट ने कहा कि वो वीडियो देखने के बाद 10 मार्च को इस मामले पर सुनवाई पूरी कर लेंगे। उच्चतम न्यायालय ने 16 फरवरी को जोधपुर जेल प्रशासन को निर्देश दिया था कि वो सोनम वांगचुक को हिरासत के दौरान दी गई पेन ड्राईव सीलबंद कर कोर्ट में दाखिल करें।

हिरासत में लेने के 28 दिन बाद उनको हिरासत में लेने के आधार नहीं बताए गए

उच्चतम न्यायालय ने इस बात का संदेह जताया था कि केंद्र सरकार ने सोनम वांगचुक के भाषणों से संबंधित जो ट्रांसक्रिप्ट दी है उसके अनुवाद में काफी फर्क है। सुनवाई के दौरान 8 जनवरी को वरिष्ठ वकील कपिल सिब्बल ने चौरी-चौरा कांड का जिक्र करते हुए कहा था कि हिंसा के बाद सोनम वांगचुक ने अपनी भूख हड़ताल तत्काल वापस ले लिया था। आपको याद होगा कि गांधीजी ने भी ऐसा ही किया था। जब चौरी-चौरा की घटना के बाद हिंसा हुई थी, तो उन्होंने भी बिल्कुल वैसा ही किया था। कपिल सिब्बल ने कहा कि हिरासत में लेने के 28 दिन बाद उनको हिरासत में लेने के आधार नहीं बताए गए, जो कानूनी समय-सीमा का साफ उल्लंघन है। सिब्बल ने कहा कि कानून यह है कि जिन दस्तावेज के आधार पर हिरासत में लिया गया है अगर आरोपित को उपलब्ध नहीं कराया जाता है, तो हिरासत का आदेश रद्द हो जाता है। उच्चतम न्यायालय ने अपने कई फैसलों में यह बात कही है।

एशिया का सबसे बड़ा बेकन फैक्ट्री को पुनर्जीवित करेगी सरकार : शिल्पी

रांची // सदन में कृषि मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की ने शुक्रवार को कहा कि रांची के कांके में एशिया का सबसे बड़ा और एकमात्र स्थापित सरकारी बेकन फैक्ट्री को खोलने पर कार्य किया जा रहा है। मंत्री झारखंड विधानसभा में बजट के कटौती प्रस्ताव पर जवाब दे रही रही थीं। उन्होंने कहा कि कभी देश दुनिया में रैनबैक ब्रांड की पहचान थी। यहां से निर्मित पोर्क, कबाब, सलामी और सॉसेज जैसे उत्पाद नॉर्थ ईस्ट के देशों तक भेजे जाते थे। उन्होंने सदन में विपक्षी सदस्य नवीन जायसवाल की ओर से लाए गए आंकड़ों को भ्रामक बताया।

किसानों को 10 करोड़ रुपये यूपीआई माध्यम से सीधे भुगतान किए गए हैं।

मंत्री ने कहा कि विभाग ने अब तक 67 प्रतिशत राशि खर्च कर ली है और वित्तीय वर्ष की समाप्ति तक 80-90 प्रतिशत व्यय का लक्ष्य पूरा कर लिया जाएगा। मंत्री ने कहा कि धान खरीदारी के तहत 21,800 किसानों को 10 करोड़ रुपये यूपीआई माध्यम से सीधे भुगतान किए गए हैं। मिलेट मिशन योजना के आंकड़े भी सदन को उपलब्ध कराए जाएंगे। उन्होंने कहा कि देशी मांगुर मछली पर कार्रवाई की जा रही है। इस संबंध में कई एफआईआर दर्ज किए गए हैं।एमएसपी के मुद्दे पर उन्होंने कहा कि राज्य सरकार किसानों के बोनस में बढ़ोतरी को तैयार है, लेकिन इसपर केंद्र सरकार का रुख देखना होगा।

पांच लाख से अधिक किसानों को ऋण स्वीकृत किया गया

मंत्री ने कहा कि वित्त वर्ष 2026-27 में महिला किसान सशक्तिकरण पर विशेष जोर दिया गया है। पांच लाख से अधिक किसानों को ऋण स्वीकृत किया गया है। करंज तेल के माध्यम से ग्रीन इकोनॉमी को बढ़ावा दिया जा रहा है। पशुपालन क्षेत्र में प्रतिदिन लगभग तीन लाख लीटर दूध उत्पादन हो रहा है, जिसे दोगुना करने का लक्ष्य है।इसके बाद स्पीकर रबींद्र नाथ महतो ने सदन की कार्यवाही शुक्रवार की सुबह 11 बजे तक स्थगित कर दी।

मतगणना को लेकर देवघर नगर निगम क्षेत्रान्तर्गत निषेधाज्ञा लागू की गयी

देवघर// राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा नगरपालिका (आम) निर्वाचन-2026 के तहत दिनांक- 27.02.2026 के द्वारा सम्पूर्ण देवघर नगर निगम क्षेत्रान्तर्गत निषेधाज्ञा लागू की गयी है। ऐसे में देवघर कॉलेज, देवघर में मतगणना का कार्य दिनांक-27.02.2026 को निर्धारित किया गया है। मतगणना-सह-बजगृह केन्द्र, देवघर कॉलेज, देवघर में मतगणना स्थल पर अत्यधिक भीड, विभिन्न प्रत्याशियों के द्वारा जुलूस, प्रतिद्वंदिता एवं प्रतिस्पर्धा के कारण विधि-व्यवस्था भंग होने की प्रबल संभावना है, जिसके कारण शांति व्यवस्था भंग हो सकती है।

ऐसे में उपर्युक्त परिप्रेक्ष्य में अनुमंडल पदाधिकारी-सह-अनुमंडल दण्डाधिकारी, देवघर द्वारा मतगणना सह-बजगृह केन्द्र, देवघर कॉलेज, देवघर के 500 गज की परिधि में शांतिपूर्ण माहौल बनाये रखने के लिए भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता की धारा-163 में प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए आज दिनांक-26.02.2026 के मध्य रात्रि से दिनांक-27.02.2026 के मतगणना समाप्ति तक निम्नांकित आदेश जारी किया गया है।

  • 1. कोई भी व्यक्ति बिना प्रशासनिक अनुमति के अनावश्यक रूप से मतगणना केन्द्र के 500 गज की परिधि में नहीं रहेगें।
  • 2. मतगणना केन्द्र के 500 गज की परिधि में ध्वनि विस्तारक यंत्र का उपयोग वर्जित रहेगा।
  • 3. मतगणना केन्द्र के अन्दर अनाधिकृत विडियोग्राफी / फोटोग्राफी वर्जित रहेगा।
  • 4. मतगणना केन्द्र के अन्दर मोबाईल / सेलुलर / कोंडलेश फोन (प्राधिकृत अधिकारियों को छोडकर)/रेडियों/कैमरा / ट्रांजिस्टर वर्जित रहेगा।
  • 5. मतगणना केन्द्र के 500 मीटर की परिधि के अन्तर्गत अनाधिकृत वाहनों का प्रवेश वर्जित रहेगा।
  • 6. शव यात्रा, अस्पताल, धार्मिक स्थलों, शैक्षणिक संस्थानों (परीक्षा में शामिल होने वाले विद्यार्थियों / शिक्षकों) तथा मतगणना कार्य में प्रतिनियुक्त सभी दण्डाधिकारी / पुलिसकर्मी एवं कर्मियों पर यह आदेश प्रभावी नहीं रहेगा। उक्त पारित आदेश का उल्लंघन करते हुए पाये जाने पर कठोर कानूनी कार्रवाई की जायेगी।

धर्मेंद्र प्रधान ने एनसीईआरटी पाठ्यपुस्तक में न्यायपालिका पर आपत्तिजनक उल्लेख पर खेद जताया

पूर्वी सिंहभूम // केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने एनसीईआरटी की एक पाठ्यपुस्तक में न्यायपालिका से जुड़े कथित आपत्तिजनक उल्लेख पर खेद व्यक्त किया है। गुरुवार को जमशेदपुर दौरे के दौरान मीडिया से बातचीत करते हुए उन्होंने कहा कि इस प्रकरण को केंद्र सरकार ने अत्यंत गंभीरता से लिया है और संबंधित पुस्तक की अब तक छपी सभी प्रतियों को तत्काल प्रभाव से वापस मंगाने का निर्देश जारी कर दिया गया है। मंत्री ने कहा कि न्यायपालिका भारतीय लोकतंत्र का एक मजबूत और स्वतंत्र स्तंभ है, जिसकी गरिमा और विश्वसनीयता बनाए रखना हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है। उन्होंने दोहराया कि केंद्र सरकार सभी संवैधानिक संस्थाओं का सम्मान करती है और उनके प्रति किसी भी प्रकार की आपत्तिजनक या असंतुलित टिप्पणी को स्वीकार नहीं किया जा सकता। उन्होंने माना कि पुस्तक में प्रकाशित सामग्री से अनावश्यक विवाद की स्थिति उत्पन्न हुई है, जो दुर्भाग्यपूर्ण है।

धर्मेंद्र प्रधान ने बताया कि जैसे ही इस विषय की जानकारी मंत्रालय को मिली, तत्काल संबंधित अधिकारियों से रिपोर्ट तलब की गई। इसके बाद यह निर्णय लिया गया कि पुस्तक की वितरण प्रक्रिया पर रोक लगाई जाए और बाजार व विद्यालयों तक पहुंच चुकी प्रतियों को भी वापस मंगाया जाए। उन्होंने कहा कि इस मामले की विस्तृत जांच के आदेश दे दिए गए हैं, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि समीक्षा और संपादन की प्रक्रिया में किस स्तर पर चूक हुई।

दूल्हा नापसंद, शादी के बाद दहेज की वापसी के लिए बारातियों को बनाया बंधक

पलामू // गढ़वा जिले के मेराल प्रखंड के हासनदाग गांव में शादी के क्रम में तीन से चार घंटे तक बैठे रहने के कारण दूल्हे का पैर शिथिल पड़ जाने और उठने में देरी होने पर दुल्हन पक्ष ने पलामू जिले के रामगढ़ प्रखंड के सरहुवा के दूल्हे को दिव्यांग बताकर शादी तोड़ दी।

साथ ही लड़की को विदा करने से इनकार कर दिया गया। तिलक में दिए गए नगद और सामान वापस लेने के लिए बारातियों को 12 घंटे तक बंधक बनाए रखा। सारा सामान मिलने के बाद बारातियों को छोड़ा गया। बाराती बुधवार देर शाम घर पहुंचे थे। इस संबंध में गुरुवार को लड़के के पिता दिनेश चौधरी ने आप बीती सुनाई।

अचानक विदाई के वक्त दूल्हे को नापसंद कर दिया गया।

दिनेश चौधरी के बड़े पुत्र धनंजय चौधरी की शादी हासनदाग गांव में राजेंद्र चौधरी की लड़की के साथ तय हुई थी। 20 फरवरी को तिलक चढ़ा था और 24 फरवरी को बारात गई थी। बारात जाने के बाद द्वार पूजा, शादी तक सब कुछ ठीक ठाक था। अचानक विदाई के वक्त दूल्हे को नापसंद कर दिया गया।

लेनदेन का सामान वापस करने का निर्णय लिया गया

कमी पूछने पर दूल्हे को दिव्यांग बताया गया और लडकी पक्ष ने बारातियों को बंधक बना लिया। बाराती बुधवार सुबह 05 बजे से लेकर शाम के 05 तक बंधक बने रहे। मामले को सुलझाने के लिए पंचायत बुलाई गई। पंचायत में कई जनप्रतिनिधि पहुंचे। वहीं दूल्हे के पिता का आरोप है कि किसी ने उनकी बात नहीं सुनी और लड़की पक्ष को ही सपोर्ट किया। अंततः दोनों तरफ के खर्चे को छोड़कर लेनदेन का सामान वापस करने का निर्णय लिया गया। सब कुछ क्लियर होने के बाद बारातियों को छोड़ा गया।

देखिए किसे मुद्दा बनाकर शादी से इनकार किया गया।

दूल्हे के पिता ने बताया कि शादी अक्टूबर 2025 में लगी थी। शादी लगने के बाद और विवाह के पहले तक लड़का 6 से 7 बार ससुराल चला गया था। बावजूद लड़के में कोई कमी नहीं निकाली गई। शादी में उन्होंने साढ़े 5 से 6 लख रुपए खर्च किया था। इधर, बारात गए ग्रामीणों ने भी कहा कि धनंजय दिव्यांग नहीं है। शादी के समय तीन-चार घंटे तक बैठने के कारण उसका पैर शिथिल पड़ गया था। उठने में थोड़ी परेशानी हुई। इसी को मुद्दा बनाकर शादी से इनकार किया गया। उनकी प्रतिष्ठा तार तार हो गई है।

कोलाकाता से पहुंची जांच टीम ने किया एयरक्राफ्ट दुर्घटनास्थल का निरीक्षण

चतरा // मरीज को लेकर रांची से दिल्ली के लिए रवाना हुई रेड बर्ड एविएशन का एयर एंबुलेंस क्रैश होने के तीसरे दिन बुधवार को मलबा को दुर्घटनास्थल से हटाया गया। साथ ही घटना की जांच के लिए 05 सदस्यीय कोलकत्ता की टीम ने घटना स्थल का निरीक्षण किया।

टीम ने मलबा सहित जंगल क्षेत्र और पेड़ पौधों का अवलोकन किया। टीम ने एयर एम्बुलेंस के बिखरे मलबे, पार्ट्स पुर्जा की गहनता से जांच की। घटनास्थल में बिखरे पड़े अवशेषों की भी जांच पड़ताल की गई। प्रत्यक्षदर्शियों से भी घटना के बारे में जानकारी ली गयी। एएआईबी टीम जांच करने के बाद रांची लौट गई।

रेडबर्ड एविएशन विमान कंपनी की टीम भी पहुंची

वहीं जांच के बाद रेडबर्ड एविएशन विमान कंपनी की टीम भी पहुंची। टीम आसपास के लोगों के सहयोग से कसारी के करम टांड़ जंगल में बिखरे अवशेषों को इकट्ठा की। साथ ही एक जगह पर मलबा व पार्टस को रख दी। टीम दुर्घटना स्थल से सभी समान को उठाकर ट्रैक्टर से थाना ले जाने की तैयारी कर रही है।

सात लोगों की दर्दनाक मौत हो गयी थी

इधर, दुर्घटना के तीसरे दिन भी कसारी के जंगल में दूर-दूर से लोग एयरक्राफ्ट के मलवे को देखने के लिए पहुंचे। लोग उत्सुकतावश जंगल में जहां-तहां बिखरे एयर एंबुलेंस के मलबे के साथ फोटो भी खींचवाई।उल्लेखनीय है कि एयरक्राफ्ट चतरा जिले के सिमरिया प्रखंड क्षेत्र के कसारी पंचायत के करम टांड़ जंगल में गिर गया था। इस घटना में सात लोगों की दर्दनाक मौत हो गयी थी।

खनिज संसाधनों की प्रोसेसिंग से ही विकास संभव : जयराम

रांची // झारखंड विधानसभा में बजट पर चर्चा के दौरान बुधवार को विधायक जयराम महतो ने कहा कि खनिज संपदा से भरपूर होने के बावजूद झारखंड में धरातल पर अपेक्षित विकास कार्य नजर नहीं आता है। उन्होंने कहा कि राज्य की खनिज संपदा से अन्य राज्यों का राजस्व बढ़ रहा है, जबकि झारखंड लौह अयस्क, अभ्रक सहित अन्य खनिजों का केवल कच्चा उत्पादन कर बाहर भेज देता है।

ग्रामीण विकास विभाग के बजट में सकारात्मक प्रावधानों की सराहना की

उन्होंने कहा कि यदि राज्य में ही रॉ मैटेरियल की प्रोसेसिंग की व्यवस्था होती तो राजस्व में अधिक वृद्धि होती और रोजगार के व्यापक अवसर भी सृजित होते। उन्होंने कहा कि उत्पाद बाहर जाने से राजस्व की क्षति हो रही है और स्थानीय बेरोजगारी बढ़ रही है। यहां प्रोसेसिंग प्लांट स्थापित कर लौह अयस्क से स्टील सहित अन्य उत्पाद बनाए जा सकते हैं। उन्होंने ग्रामीण विकास विभाग के बजट में सकारात्मक प्रावधानों की सराहना की, लेकिन कहा कि अन्य क्षेत्रों पर भी ध्यान देने की आवश्यकता है।

युवाओं को तकनीकी रूप से दक्ष बनाना समय की मांग है

नेतरहाट की तर्ज पर रांची में आवासीय विद्यालय की घोषणा अब तक धरातल पर नहीं उतरने पर उन्होंने निराशा जताई।उन्होंने कहा कि बजट केवल आंकड़ों का दस्तावेज नहीं, बल्कि राज्य की अर्थव्यवस्था का विजन होना चाहिए। कृषि को उद्योग से जोड़ना, प्रोसेसिंग यूनिट स्थापित करना और युवाओं को तकनीकी रूप से दक्ष बनाना समय की मांग है। झारखंड को मैन्युफैक्चरिंग पावर हाउस बनाने की दिशा में ठोस कदम उठाने होंगे।

न्यायपालिका के निर्णयों को राजनीतिक रंग देना दुर्भाग्यपूर्ण : प्रतुल

रांची // भारतीय जनता पार्टी (भाजपा ) के प्रदेश प्रवक्ता प्रतुल शाहदेव ने झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) की ओर से की गई प्रेस कॉन्फ्रेंस पर कड़ा पलटवार करते हुए कहा कि तथ्यों को तोड़-मरोड़ कर जनता को भ्रमित करने का प्रयास किया जा रहा है।

मतदाता सूची में लगभग 80 लाख विसंगतियां पाई गई थीं

प्रतुल ने कहा कि पश्चिम बंगाल में मतदाता सूची से संबंधित मामले में उच्चतम न्यायालय की ओर से न्यायिक अधिकारियों की नियुक्ति का निर्णय अत्यंत गंभीर परिस्थितियों में लिया गया। वहां मतदाता सूची में लगभग 80 लाख विसंगतियां पाई गई थीं। यह निर्णय स्पष्ट रूप से स्थानीय प्रशासन की निष्पक्षता और विश्वसनीयता पर न्यायालय की चिंता और अविश्वास को दर्शाता है। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र की सबसे महत्वपूर्ण प्रक्रिया चुनाव की पवित्रता पर जब प्रश्नचिह्न लगता है, तब न्यायपालिका को हस्तक्षेप करना पड़ता है। ऐसे संवेदनशील विषय को राजनीतिक लाभ के लिए तोड़-मरोड़ कर प्रस्तुत करना लोकतांत्रिक मूल्यों के साथ खिलवाड़ है।

भूमि घोटाले से संबंधित मूल आपराधिक मामला आज भी यथावत चल रहा है

दूसरे मुद्दे पर प्रतुल ने कहा कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को ऐतिहासिक राहत मिलने का झामुमो का दावा पूरी तरह भ्रामक और तथ्यों से परे है। उन्होंने स्पष्ट किया कि मुख्यमंत्री को केवल समन की अवहेलना (नॉन-कम्प्लायंस) से जुड़े तकनीकी पहलू पर राहत मिली है, जबकि कथित भूमि घोटाले से संबंधित मूल आपराधिक मामला आज भी यथावत चल रहा है। प्रतुल ने बुधवार को प्रेस विज्ञप्ति जारी कर कहा कि जनता को गुमराह करने के लिए आधे-अधूरे सच को ऐतिहासिक जीत बताना राजनीतिक ईमानदारी के विपरीत है।

झामुमो न्यायालय के निर्णयों को भी राजनीतिक चश्मे से देख रही है।

यदि मुख्यमंत्री निर्दोष हैं तो उन्हें जांच प्रक्रिया का पूरा सामना करना चाहिए, न कि कानूनी प्रक्रियाओं को राजनीतिक ढाल बनाना चाहिए। उन्होंने कहा कि भाजपा न्यायपालिका का सम्मान करती है और कानून के शासन में विश्वास रखती है, जबकि झामुमो न्यायालय के निर्णयों को भी राजनीतिक चश्मे से देख रही है। झारखंड की जनता सच्चाई जानती है और भ्रम फैलाने की राजनीति को स्वीकार नहीं करेगी।

Bar Council Of Delhi बीसीडी चुनाव की गिनती टाली गई, 26 फरवरी को नहीं होगी गिनती

नई दिल्ली// बार काउंसिल ऑफ दिल्ली (बीसीडी) के लिए डाले गए वोटों की गणना अब 7 मार्च से होगी। पहले मतगणना शुक्रवार से शुरु होनी थी। निर्वाचन अधिकारी सेवानिवृत जस्टिस तलवंत सिंह ने आज इस संबंध में नोटिफिकेशन जारी किया।

नोटिफिकेशन में कहा गया है कि 221 उम्मीदवारों की वजह से बैलट पेपर का साइज काफी बड़ा है। इस वजह से पहले से आवंटित स्थान पर मतगणना करवाने में काफी मुश्किल होगी। पहले उच्च न्यायालय के एक्सटेंशन ब्लॉक में मतगणना का स्थान तय किया गया था। नोटिफिकेशन के मुताबिक निर्वाचन अधिकारी ने दिल्ली उच्च न्यायालय के चीफ जस्टिस डीके उपाध्याय से मतगणना के लिए बड़ी जगह उपलब्ध कराने का आग्रह किया गया। उसके बाद चीफ जस्टिस ने दिल्ली उच्च न्यायालय के एस ब्लॉक लाऊंज की जगह देने की अनुमति दे दी। अब एस ब्लॉक के सातवीं मंजिल पर मतगणना होगी और छठी मंजिल पर उम्मीदवार या उनके मतगणना एजेंट स्क्रीन पर मतगणना की कार्यवाही देख सकेंगे।

करीब 57 हजार से ज्यादा वकीलों ने अपना मतदान किया।

बीसीडी का तीन दिवसीय चुनाव 23 फरवरी को समाप्त हुआ था। इस चुनाव में करीब 57 हजार से ज्यादा वकीलों ने अपना मतदान किया। मतदान के दौरान निर्वाचन अधिकारी ने 79 उम्मीदवारों को आदर्श आचार संहिता के उल्लंघन के आरोप में निलंबित कर दिया था। बाद में इन 79 उम्मीदवारों ने अपील दायर की, जिसे मंजूर करते हुए उनका निलंबन वापस लिया गया।इस चुनाव के जरिये 25 सदस्यीय बीसीडी के 23 सदस्यों का चुनाव होना है। इस चुनाव में कुल 221 उम्मीदवार मैदान में हैं। इस चुनाव में पहली बार सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद महिला उम्मीदवारों को 30 फीसदी आरक्षण मिला है।

फर्जी डीएसपी बनकर रंगदारी मांगने व जानलेवा हमले का आरोपी बरी

Bokaro Court News

बोकारो // प्रधान जिला व सत्र न्यायाधीश अनिल कुमार मिश्रा-2 की अदालत में वाद संख्या-91/2022 (चास मुफस्सिल थाना कांड संख्या 104/2017) की अंतिम सुनवाई बुधवार को हुई। आरोपी के अधिवक्ता ने कहा कि इस कांड के नामजद आरोपी चंदन सिन्हा उर्फ रजनीश सिन्हा को दोष सिद्ध ना होने पर बरी करने का फैसला सुनाया गया है। आरोपी की ओर से अधिवक्ता सुबोध कुमार ने बहस की। सूचक द्वारा दर्ज कराये गये प्राथमिकी के अनुसार 19 नवंबर 2017 की सुबह करीब तीन बजे सूचक व उनके जीजा ने महुदा से कमलापुर जाने के क्रम में जैसे ही तेलमच्चो पुल पार किया तभी आरोपी ने फर्जी डीएसपी बनकर उन्हें रोका। बाइक की मूल कागजात की मांग की नहीं दिखाने पर दो हजार रुपये की मांग किया नहीं देने पर आरोपी ने सूचक के जीजा के साथ मारपीट की। सूचक ने उन्हें बेहोशी और गंभीर अवस्था में बोकारो जनरल अस्पताल के आइसीयू वार्ड में भर्ती कराया। सरकार ने पीड़ित, सूचक सहित 11 गवाहों का बयान न्यायालय में कलमबद्ध कराया था।

द्रौपदी मुर्मू का झारखंड दौरा आज, सुरक्षा के कड़े इंतजाम

रांची : राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू गुरुवार को एक दिवसीय झारखंड दौरे पर आ रही हैं। उनके दौरे को लेकर राजधानी रांची से लेकर जमशेदपुर तक प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में है। सुरक्षा एजेंसियां हर छोटी-बड़ी गतिविधि पर नजर बनाए हुए हैं ताकि कार्यक्रम शांतिपूर्ण और सुरक्षित तरीके से संपन्न हो सके।

रांची से जमशेदपुर तक खास मूवमेंट

निर्धारित कार्यक्रम के मुताबिक राष्ट्रपति एयरफोर्स के विशेष विमान से रांची एयरपोर्ट पहुंचेंगी। रांची में उनका स्वागत किया जाएगा, जिसके बाद वे हेलीकॉप्टर से जमशेदपुर के सोनारी एयरपोर्ट के लिए रवाना होंगी। एयरपोर्ट परिसर में सुरक्षा व्यवस्था काफी कड़ी कर दी गई है। सीआईएसएफ, जिला पुलिस और अन्य सुरक्षा एजेंसियों को हाई अलर्ट पर रखा गया है। एयरपोर्ट के आसपास अनावश्यक भीड़ न लगे, इसके लिए भी विशेष इंतजाम किए गए हैं।

जगन्नाथ मंदिर में भूमि पूजन

जमशेदपुर प्रवास के दौरान राष्ट्रपति शहर के प्रसिद्ध जगन्नाथ मंदिर परिसर में आयोजित भूमि पूजन कार्यक्रम में शामिल होंगी। यहां वे प्रस्तावित निर्माण कार्य का शिलान्यास करेंगी। कार्यक्रम में करीब एक घंटे तक मौजूद रहने का उनका कार्यक्रम है। इस आयोजन को लेकर स्थानीय प्रशासन ने तैयारियां पूरी कर ली हैं। मंदिर परिसर को सजाया गया है और सुरक्षा के विशेष इंतजाम किए गए हैं। आमंत्रित लोगों की एंट्री पास के जरिए ही होगी।

शहर में सुरक्षा का कड़ा घेरा

राष्ट्रपति के दौरे को देखते हुए जिला प्रशासन और पुलिस विभाग ने व्यापक सुरक्षा योजना लागू की है। शहर के प्रमुख चौक-चौराहों, कार्यक्रम स्थल और एयरपोर्ट क्षेत्र में अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती की जाएगी। VVIP मूवमेंट के कारण ट्रैफिक रूट में आंशिक बदलाव किया जा सकता है। ऐसे में प्रशासन ने आम लोगों से अपील की है कि वे ट्रैफिक पुलिस के निर्देशों का पालन करें और वैकल्पिक मार्ग का इस्तेमाल करें।

रांची एयरपोर्ट बना नो-फ्लाइंग जोन

सुरक्षा के मद्देनजर रांची सदर एसडीओ ने एयरपोर्ट और उसके आसपास के इलाके को अस्थायी रूप से नो-फ्लाइंग जोन घोषित किया है। इस दौरान ड्रोन, पैराग्लाइडिंग, हॉट एयर बैलून या किसी भी तरह की उड़ने वाली गतिविधियों पर पूरी तरह रोक रहेगी। इसके साथ ही BNSS की धारा-163 के तहत सुबह 6 बजे से रात 10 बजे तक निषेधाज्ञा लागू रहेगी। प्रशासन ने साफ कहा है कि आदेश का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

भूमि घोटाला व मनी लांड्रिंग मामले में हेमंत सोरेन को सुप्रीम कोर्ट से राहत

नई दिल्ली // उच्चतम न्यायालय ने झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को मनी लांड्रिंग मामले में पूछताछ के लिए प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) के समन पर पेश नहीं होने के मामले में ट्रायल कोर्ट में चल रही कार्रवाई पर रोक लगा दी है। चीफ जस्टिस सूर्यकांत की अध्यक्षता वाली पीठ ने कहा कि ईडी ने कई छोटे-मोटे मामलों में ज्यादा ध्यान दिया है।

कोर्ट ने कहा कि गिरफ्तारी की प्रक्रिया पर गहरी नजर रखी जानी चाहिए

सुनवाई के दौरान ईडी के वकील ने कहा कि हेमंत सोरेन को सात बार समन भेजा गया था, लेकिन वो पेश नहीं हुए। इस मामले में हेमंत सोरेन को ईडी के समन पर पेश नहीं होने के बाद गिरफ्तार कर लिया गया था। हेमंत सोरेन के वकील मुकुल रोहतगी ने कहा कि सोरेन तीन बार ईडी के सामने पेश हुए, लेकिन हर बार उन्हें हिरासत में ले लिया गया। तब कोर्ट ने कहा कि गिरफ्तारी की प्रक्रिया पर गहरी नजर रखी जानी चाहिए। इस मामले में झारखंड उच्च न्यायालय ने स्पेशल एमपी-एमएलए कोर्ट की ओर से जारी समन को बरकरार रखा था। उच्च न्यायालय के इसी फैसले को हेमंत सोरेन ने उच्चतम न्यायालय में चुनौती दी है।

उच्चतम न्यायालय ने कोई राहत देने से इनकार कर दिया था।

उच्चतम न्यायालय ने 29 जुलाई, 2024 को हेमंत सोरेन को इस मामले में झारखंड उच्च न्यायालय से मिली जमानत को ईडी की ओर से चुनौती देने वाली याचिका खारिज कर दिया था। झारखंड उच्च न्यायालय ने 3 जुलाई, 2024 को हेमंत सोरेन को जमानत दी थी। झारखंड उच्च न्यायालय ने सोरेन को जमानत देते हुए कहा था कि उनके खिलाफ मनी लांड्रिंग का कोई मामला नहीं बनता है। ईडी ने 31 जनवरी, 2024 को हेमंत सोरेन से पूछताछ के बाद गिरफ्तार कर लिया था। सोरेन को भूमि घोटाला मामले में गिरफ्तार किया गया था। लोकसभा चुनाव 2024 के पहले हेमंत सोरेन ने उच्चतम न्यायालय में याचिका दायर कर अंतरिम जमानत की मांग की थी, लेकिन उच्चतम न्यायालय ने कोई राहत देने से इनकार कर दिया था।

West Singhbhum। उधार की रकम वापस मांगने पर युवक की भुजाली से गला काटकर ह*त्या

पश्चिमी सिंहभूम // जिले के चक्रधरपुर में बुधवार देर रात गैंगखोली इलाके में एक युवक की भुजाली से गला काटकर हत्या कर दी गई। घटना के बाद पूरे शहर में दहशत का माहौल है। मृतक की पहचान शीतला मंदिर वार्ड संख्या 7 निवासी राज तांती के रूप में हुई है।मिली जानकारी के अनुसार राज तांती गैंगखोली क्षेत्र में कुछ युवकों के साथ मिलकर अवैध धंधा करता था। बताया जा रहा है कि उसने एक युवक से कुछ पैसे उधार लिए थे। बुधवार रात करीब साढ़े नौ बजे उधार की रकम वापस मांगने को लेकर दोनों के बीच कहासुनी शुरू हुई, जो देखते ही देखते मारपीट में बदल गई।

स्थानीय लोग उसे चक्रधरपुर अनुमंडल अस्पताल ले गए

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार विवाद के दौरान आरोपित ने भुजाली निकालकर राज तांती के गले और पेट पर ताबड़तोड़ हमला कर दिया। हमले में उसका गला बुरी तरह कट गया। गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद राज तांती किसी तरह जान बचाकर वहां से भागा और कटे हुए गले को हाथ से दबाए हुए अपने घर शीतला मंदिर क्षेत्र तक पहुंच गया। अत्यधिक रक्तस्राव के कारण वह घर पहुंचते ही जमीन पर गिर पड़ा। परिजन और स्थानीय लोग उसे तत्काल चक्रधरपुर अनुमंडल अस्पताल ले गए, जहां चिकित्सकों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया।

ब्राउन शुगर के अवैध कारोबार….

घटना के बाद मृतक के पिता मारतुल तांती ने धर्मेंद्र प्रधान के पुत्र सन्नी प्रधान पर हत्या का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि उधार के पैसे को लेकर सन्नी ने पहले मारपीट की और फिर भुजाली से गला काटकर उनके बेटे की हत्या कर दी। सूचना मिलते ही पोड़ाहाट के डीएसपी कुमार विनोद, चक्रधरपुर थाना प्रभारी अवधेश कुमार सहित पुलिस बल अस्पताल पहुंचा और मामले की छानबीन शुरू की। पुलिस ने परिजनों से पूछताछ की है और आरोपित की तलाश में छापेमारी की जा रही है। इधर, मृतक की बहन शांति का कहना है कि घटना का संबंध ब्राउन शुगर के अवैध कारोबार से है। हत्या अवैध ब्राउन शुगर के रुपये को लेकर उसके भाई की हत्या की गई है।

Dumka News। कंटेनर और हाईवा में लगी भयानक आग इलाके में अफरा-तफरी का माहौल

दुमका // झारखंड के दुमका से इस वक्त की बड़ी खबर आ रही है। दुमका के मुफस्सिल थाना क्षेत्र स्थित रिंग रोड हाईवे पर भीषण सड़क हादसे के बाद आग का तांडव देखने को मिला। दो कंटेनर और दो हाईवा में लगी आग ने पूरे इलाके में अफरा-तफरी मचा दी। आग इतनी भयानक थी कि एक कंटेनर और दो हाईवा पूरी तरह जलकर खाक हो गए, जबकि दूसरे कंटेनर में देर तक आग धधकती रही।

मुफस्सिल थाना क्षेत्र के रिंग रोड पर देर शाम एक भीषण हादसा हुआ। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार रामपुर की ओर से आ रहा एक कंटेनर, जिसमें गैस लाइटर के कार्टून लदे थे, विपरीत दिशा से आ रही कोयला खाली कर लौट रही हाईवा से टकरा गया। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि कंटेनर में लदे गैस लाइटर के कार्टून सड़क पर बिखर गए और उनमें आग लग गई।

कंटेनर में लिथियम बैटरियां लदी थीं, जो तेज धमाकों के साथ फटने लगा

आग ने देखते ही देखते विकराल रूप ले लिया। आग की चपेट में दो हाईवा और पीछे से आ रहा एक दूसरा कंटेनर भी आ गया। बताया जा रहा है कि दूसरे कंटेनर में लिथियम बैटरियां लदी थीं, जो तेज धमाकों के साथ फटने लगीं और पूरा इलाका धमाकों से गूंज उठा।
कुछ ही मिनटों में हाईवा और एक कंटेनर जलकर राख हो गए। वहीं गैस लाइटर से भरे पहले कंटेनर से धुआं उठता रहा और बाद में उसमें भी भीषण विस्फोट के साथ आग भड़क उठी।

हादसे की सूचना पर पहुंची पुलिस

प्रत्यक्षदर्शी मनोज भगत ने बताया कि हादसे के तुरंत बाद प्रशासन को सूचना दी गई, लेकिन करीब एक घंटे तक दमकल मौके पर नहीं पहुंची। इस देरी के कारण आग और भड़क गई और स्थिति भयावह हो गई। दमकल की एक गाड़ी मौके पर पहुंची और आग पर काबू पाने की कोशिश शुरू की। हालांकि तब तक काफी नुकसान हो चुका था। आग की लपटें और धमाकों की आवाज दूर-दूर तक सुनाई दे रही थीं।

पुलिस और प्रशासन घटना की जांच कर रही है

घटना स्थल पर सैकड़ों लोग जुट गए और इस भयावह अग्निकांड को अपने मोबाइल में कैद करते रहे। फिलहाल पुलिस और प्रशासन मौके पर मौजूद है और आग पर काबू पाने की कोशिश जारी है।
फिलहाल इस हादसे में किसी के हताहत होने की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन नुकसान काफी बड़ा बताया जा रहा है।