राँची // झारखंड हाईकोर्ट के निर्देश पर राज्य के सभी जिला न्यायालयों में प्रातःकालीन (मॉर्निंग कोर्ट) अदालत की व्यवस्था फिर से लागू कर दी गई है। यह व्यवस्था 6 अप्रैल से प्रभावी होगी। इस संबंध में अधिसूचना जारी कर दी गई है। मॉर्निंग कोर्ट का समय सुबह 7 से दोपहर 12 बजे तक निर्धारित किया गया है।
पिछले साल राज्य के जिला न्यायालयों (सिविल कोर्ट) में ग्रीष्मकालीन अवकाश शुरू होने के साथ ही प्रातःकालीन अदालत की व्यवस्था समाप्त कर दी गई थी। वकीलों की मांग को ध्यान में रखते हुए अब ग्रीष्मकालीन अवकाश की व्यवस्था समाप्त करते हुए मॉर्निंग कोर्ट को पुनः लागू करने का निर्णय लिया गया है।
मार्निंग कोर्ट की व्यवस्था अप्रैल के पहले सोमवार से शुरू होकर जून की आखिरी शनिवार तक रहती है। इस संबंध में हाईकोर्ट की ओर से राज्य के सभी सिविल कोर्ट के न्यायायुक्त और प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश को पत्र भेजकर आवश्यक निर्देश दिए गए हैं। पत्र में कहा गया है कि सभी जिला एवं अधीनस्थ न्यायालयों में मॉर्निंग कोर्ट की व्यवस्था लागू की जाए, ताकि न्यायिक कार्य नियमित रूप से संचालित हों। मॉर्निंग कोर्ट सुबह 7 से दोपहर 12 बजे तक होने से गर्मी के मौसम में न्यायिक कार्यों के संचालन में सुविधा होने के साथ-साथ वादकारियों और अधिवक्ताओं को भी राहत मिलेगी।
