हजारीबाग // शादी का समय चल रहा है और हर तरफ शादी की धुन सुनाई पड़ रहा है। लेकिन आज हम जिस शादी के बारे में आपको बताने जा रहे हैं उसकी भी एक अलग ही चर्चा है। यह शादी एक प्रेरणादायक और सकारात्मक खबर जहां सादगी, सम्मान और सामाजिक समरसता का अनूठा उदाहरण देखने को मिला। दृष्टिबाधित बेटी पूजा कुमारी की शादी ने समाज को एक मजबूत संदेश दिया है।

केरेडारी प्रखंड के पगार गांव निवासी बिंदेश्वर साव की दृष्टिबाधित बेटी पूजा कुमारी का विवाह हजारीबाग के बुढ़वा महादेव मंदिर में सादगी और गरिमा के साथ संपन्न हुआ। गोमिया कथारा निवासी राजेश कुमार सोनी ने पूजा का हाथ थामकर यह साबित किया कि रिश्ते संवेदनाओं और सम्मान पर टिके होते हैं, न कि शारीरिक सीमाओं पर।

इस विवाह समारोह में दोनों परिवारों के साथ स्थानीय लोगों की भी अच्छी भागीदारी रही। सभी ने नवदंपति को आशीर्वाद देकर उनके सुखद भविष्य की कामना की।
समाजसेवी ने कहा कि “यह विवाह समाज के लिए एक आदर्श उदाहरण है। हमारा प्रयास है कि हर वर्ग को सम्मान और समान अवसर मिले, और समाज ऐसे सकारात्मक कार्यों में आगे आए।”

पूरी तरह सादगीपूर्ण माहौल में संपन्न इस विवाह ने यह संदेश दिया कि सकारात्मक सोच और सामाजिक सहयोग से हर बाधा को पार किया जा सकता है।
वाकई, यह शादी सिर्फ दो लोगों का मिलन नहीं, बल्कि समाज को नई दिशा देने वाला एक प्रेरणादायक संदेश है।
