वीर कुंवर सिंह चौक पर जुटे छात्र-छात्राएं, निष्पक्ष जांच, दोषियों पर कार्रवाई और शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की उठाई मांग
देवघर। NEET-UG परीक्षा में कथित पेपर लीक और अनियमितताओं को लेकर देशभर में चल रहे विरोध प्रदर्शन की गूंज अब झारखंड के देवघर तक पहुंच गई है। सोमवार को शहर के वीर कुंवर सिंह चौक (वीआईपी चौक) पर दर्जनों छात्र-छात्राओं ने एकत्र होकर केंद्र सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया। इस दौरान छात्रों ने शिक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता की मांग करते हुए जमकर नारेबाजी की।

प्रदर्शन के दौरान छात्रों ने पर्यावरणविद् एवं शिक्षाविद् सोनम वांगचुक को दिल्ली में अनशन के दौरान पुलिस द्वारा अस्पताल ले जाने की घटना का भी विरोध किया। प्रदर्शनकारियों का आरोप था कि सरकार छात्रों की आवाज को दबाने का प्रयास कर रही है और युवाओं के भविष्य से जुड़े गंभीर मुद्दों पर अपनी जिम्मेदारियों से बच रही है।
“छात्रों को कब मिलेगा इंसाफ?”
प्रदर्शन में शामिल छात्रों ने कहा कि NEET-UG जैसी महत्वपूर्ण परीक्षा में कथित अनियमितताओं ने लाखों मेहनती छात्रों का विश्वास तोड़ा है। उनका कहना था कि यदि परीक्षा प्रणाली निष्पक्ष नहीं होगी तो छात्रों का भविष्य असुरक्षित हो जाएगा।
प्रदर्शनकारियों ने कहा कि जो छात्र वर्षों तक कठिन मेहनत करते हैं, उन्हें पारदर्शी और निष्पक्ष परीक्षा व्यवस्था मिलनी चाहिए। उन्होंने परीक्षा प्रक्रिया में सुधार और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की।
सोनम वांगचुक के समर्थन में उठी आवाज
छात्रों ने कहा कि शांतिपूर्ण तरीके से अपनी मांग रखने वाले सोनम वांगचुक को जबरन अस्पताल ले जाना लोकतांत्रिक अधिकारों पर सवाल खड़ा करता है। प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि सरकार छात्रों और युवाओं की आवाज सुनने के बजाय उसे दबाने की कोशिश कर रही है।
ये रहीं प्रमुख मांगें
- NEET-UG परीक्षा में कथित अनियमितताओं की निष्पक्ष और पारदर्शी जांच।
- दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई।
- परीक्षा प्रणाली को अधिक सुरक्षित और पारदर्शी बनाया जाए।
- छात्रों के भविष्य की सुरक्षा सुनिश्चित की जाए।
- शिक्षा व्यवस्था में जवाबदेही तय की जाए।
- शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग।
प्रदर्शन के दौरान छात्रों ने हाथों में तख्तियां लेकर नारे लगाए और कहा कि जब तक छात्रों को न्याय नहीं मिलेगा, तब तक उनका संघर्ष जारी रहेगा।
