जमशेदपुर नई शिक्षा नीति को लेकर झामुमो ने राज्यपाल और केंद्र सरकार को जिम्मेवार बताया था, तो आज बीजेपी ने नई शिक्षा नीति नहीं लागु होने पर झारखण्ड सरकार को जिम्मेवारी बताया है।
बीजेपी का साफ कहना है कि देश के अन्य राज्यों मे नई शिक्षा नीति 2020 लागु हो चुकी है, मगर झारखण्ड सरकार की नाकामी को लेकर झारखण्ड मे शिक्षा नीति लागु नहीं हो पा रही है। बीजेपी के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष दिनेशानंद गोस्वामी ने साफ कहा कि राज्य मे शिक्षा नीति लागु करने का अधिकार राज्यपाल को होता है, जो कि पुरे राज्य के यूनिवर्सिटी के कुलाधिपति होते है, उन्होंने कहा कि राज्य सरकार अपने डिग्री कॉलेजों की इंफ़्राटेक्चर को बढ़ाया नहीं और केंद्र और राज्यपाल को नई शिक्षा नीति का जिम्मेवार बता रहें है। उन्होंने कहा की जबकि राज्य सरकार को पूरा अधिकार होता है कि नई शिक्षा नीति को लागु करें। उन्होंने राज्य सरकार पर आरोप लगते हुए कहा कि अपने राज्य के कॉलेजों का बढ़ाने की जगह केंद्र को इसका जिम्मेवार बता रहें है। उन्होंने कहा कि चार लाख विद्यार्थी इस बार मैट्रिक मे पास हुए है मगर राज्य के इंटर में उनका नामांकन नहीं हो रहा है, उन्होंने राज्य सरकार से मांग की है कि आप आप अपने स्कूलों को अपग्रेड करें और बच्चों के भविष्य से खिलवाड़ ना करें। आगे कहा कि राज्य सरकार के मंत्री का ब्यान आता है कि पांच किलोमीटर के अंदर वे एडमिशन करवा देंगे। मगर उनका स्कूल अपग्रेड अभी तक नहीं हुआ है। उन्होंने राज्य सरकार से मांग की है कि वे बच्चों के भविष्य से खिलवाड़ ना करें और स्कूलों को अपग्रेड कर बच्चों का एडमिशन जल्द से जल्द करवाए।
धनबाद से गोविंदपुर थाने में शांति समिति की बैठक संपन्न हुई जिसमें समाज के सभी समुदाय के लोग शामिल हुए।
उपस्थित लोगों ने शांतिपूर्ण ढंग से त्योहार पर करने के लिए अपना-अपना सुझाव दिए अंत में पुलिस प्रशासन की ओर से आश्वासन दिया गया कि उनके सुझाव को गंभीरता से लिया गया है एवं अनुपालन किया जाएगा। वहीं पुलिस प्रशासन की ओर से सरकार के गाइडलाइन से उपस्थित सदस्यों को अवगत कराया गया कहा डीजे पर रहेगा पूर्ण प्रतिबंध साथ ही सोशल मीडिया पर भी जिला प्रशासन की नजर रहेगी । भड़काऊ पोस्ट शेयर करने वालों के खिलाफ कड़ी करवाई की जाएगी लोगो से अपील किया कि वह अपने क्षेत्र में जाकर आम जनों को जागरूक करें जिससे शांतिपूर्ण ढंग से त्यौहार मनाया जा सके।
देवघर जिले में कल (28.06.2025) को श्रावणी मेला, 2025 में निर्बाध रूप से विद्युत आपूर्ति हेतु को लेकर तैयारी जोर सौर से चल रही है।
व्यवस्था में सुधार को लेकर कल 10:00 बजे सुबह से 3:00 बजे तक पीएसएस कॉलेज से निकलने वाले 11 केवी कांवरिया फीडर और पीएसएस बैजनाथपुर से 11 केवी टाउन 1 फीडर और 11 केवी टाउन 2 फीडर एवं पीएसएस सत्संग से 11केवी सत्संग टाउन फीडर में मेंटनेंस के लिए उक्त फीडर की विद्युत आपूर्ति बाधित रहेगी। अतः शाहिद आश्रम रोड, झोंसागढ़ी, सदर अस्पताल, डोमासी, बिलासी, दुखीसाह लेन, शीतल मालिक रोड, प्रोफेसर कॉलोनी, कांवरिया पथ, पुरनदाहा, सर्किट हाउस, बम्पास टाउन, देवसंघ, हिरणा, कोरियासा एवं गुलिपाथर आदि क्षेत्र में विद्युत आपूर्ति उक्त अवधि के लिए बंद रहेगी।
जमशेदपुर बहरागोड़ा के पूर्व विधायक एवं झारखंड मुक्ति मोर्चा के केंद्रीय प्रवक्ता कुणाल षाड़ंगी ने भारतीय जनता पार्टी और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ पर तीखा प्रहार किया है।
शुक्रवार को आयोजित एक प्रेस वार्ता में उन्होंने आरएसएस द्वारा संविधान से “सेक्युलर” और “सोशलिस्ट” शब्दों को हटाने की मांग पर अपनी कड़ी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि यह दोनों शब्द भारतीय संविधान की आत्मा हैं, जिसकी नींव बाबासाहेब भीमराव अंबेडकर और लोकनायक जयप्रकाश नारायण जैसे महान नेताओं ने रखी थी। कुणाल षाड़ंगी ने आरोप लगाया कि आरएसएस और बीजेपी इन मूलभूत सिद्धांतों को मानने से इंकार करती हैं। उन्होंने सवाल उठाया कि जब बीजेपी इन सिद्धांतों को नहीं मानती, तो वह बिहार जैसे राज्यों में लोकतंत्र और समानता के नाम पर किस आधार पर जनता से समर्थन मांगने जाएगी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर अप्रत्यक्ष रूप से निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि बीजेपी की नीतियां और दिशा पूरी तरह से आरएसएस की विचारधारा पर आधारित हैं। ऐसे में प्रधानमंत्री को स्पष्ट रूप से सामने आकर यह बताना चाहिए कि पार्टी का स्टैंड क्या है। यदि वे इन शब्दों और मूल्यों से असहमति रखते हैं, तो देश की जनता से माफी मांगनी चाहिए।
जमशेदपुर ICSC 2025 की दसवीं बोर्ड की परीक्षा में जमशेदपुर की बेटी शांभवी जायसवाल ने पूरे देश में प्रथम स्थान लाया था।
सभी विषयों में 100 में 100 अंक मिले थे.देश के साथ झारखंड और जमशेदपुर का भी नाम रोशन किया था। आज झारखंड राज्य के शिक्षा मंत्री रामदास सोरेन ने बिष्टुपुर स्थित पारी सदन में शांभवी जायसवाल प्रतिभा प्रोत्साहन राशि एक लाख रुपया देकर सम्मानित किया। वही इस अवसर पर शिक्षा मंत्री रामदास सोरेन ने कहा कि जमशेदपुर की बेटी पूरे देश में टॉप कर झारखंड के साथ-साथ जमशेदपुर का भी नाम रोशन किया है आज सरकार के ओर से ₹1 लाख का प्रोत्साहन राशि का चेक प्रदान किया गया और आगे भी इसकी उच्च शिक्षा ग्रहण करने में सरकार और विभाग से मदद करेगी। वही शांभवी जसवाल ने कहा की इतनी बड़ी राशि मुझे प्रदान की है इससे मेरा मनोबल और हौसला बढ़ा है। और मुझे आगे ऐसे ही उम्मीद है कि आगे मैं उसी तरीके से करता रहूं ताकि हमारे राज्य और हमारे जमशेदपुर का नाम रोशन है। 2027 में जे ई ई का परीक्षा की तैयारी कर रहा हूं।
जमशेदपुर बिस्टुपुर के चैम्बर भवन सभागार में झारखण्ड के पूर्व मुख्यमंत्री रघुवर दास का प्रेस वार्ता का आयोजन हुआ, जंहा पूर्व मुख्यमंत्री रघुवर दास ने पत्रकारों को सम्बोधित करते हुए कहा कि राज्य मे पैसा कानून लागु होना चाहिए।
उन्होंने कहा कि अब तो हाई कोर्ट ने भी राज्य के मुख्य सचिव को नोटिस भेज दिया है, अब राज्य सरकार को पैसा कानून लागु कर देना चाहिए, रघुवर दास ने कहा कि राज्य के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन है, जो अपने आप को आदिवासीयों का हितैसी बताते है, फिर मुख्यमंत्री किस दबाव मे है कि वे राज्य मे पैसा कानून नहीं लागु कर रहें है, रघुवर दास ने कहा कि राज्य मे वैसी शक्तियाँ काम कर रही है जो राज्य मे पैसा कानून को लागु नहीं होने देना चाहती है, उन्होंने कहा कि राज्य मे पैसा कानून लागु होगा तो राज्य के आदिवासीयों को ही इसका लाभ मुलेगा, रघुवर दास ने कहा कि देश के 8 राज्यों मे पैसा कानून लागु है, केवल ओडिसा ओर झारखण्ड मे ही यह कानून लागु नहीं है, रघुवर दास ने कहा कि अब आदिवासी जाग रहें है ओर इस पैसा कानून को लागु करने को लेकर आंदोलन भी कर रहें है, रघुवर दास ने कहा कि एक बार फिर उलगुलान कटने की जरूरत है, जिस प्रकार अंग्रेजी साशन के खिलाफ पहले आदिवासियों ने ही उलगुलान किया था, आज पैसा कानून को लेकर उसी प्रकार उलगुलान करने की अवश्यकता है, उन्होंने कहा की बारिश के मौसम के बाद वे खुद जन चौपाल लगा कर आदिवासियों को जगाने का काम करेंगे, ज़ब तक राज्य मे पैसा कानून लागु नहीं होगा तब तक आंदोलन चलता रहेगा।
जमशेदपुर सिदगोड़ा पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है, जंहा पुलिस ने 10 युवकों को गिरफ्तार किया है।
इनके पास से एक देशी कट्टा, दो जिन्दा कारतूस, एक मोबाइल फोन, एक कार और एक बाइक बरामद किया गया है। कार और बाइक भी चोरी की है। सिटी एसपी कुमार शिवाशीष ने प्रेस वार्ता कर जानकारी देते हुए कहा कि पुलिस को सूचना मिली की सिदगोड़ा थाना क्षेत्र मे रेस ड्राइविंग किया जा रहा है, जिसके बाद डीएसपी के नेतृत्व मे एक टीम का गठन किया गया। टीम ने 10 रेस ड्राइविंग करने वाले युवकों को पकड़ा। ज़ब सभी की जाँच शुरू हुई तो जानकारी मिली की केवल ये लोग रेस ड्राइविंग ही नहीं बल्कि ये लोग छीनतई और लोगों को डरा धमका के रुपयों की भी मांग करते थे। इन मे से चार युवकों पर पहले से छीनतई, चोरी और हत्या का भी मामला दर्ज है, सिटी एसपी ने युवाओं से अपील की है कि इस तरह के गैंग से दूर रहें नहीं तो पुलिस आप को किसी भी हाल मे छोड़ेगी नहीं। फिलहाल सभी 10 अपराधियों को पुलिस ने जेल भेज दिया है।
जामताड़ा एसपी के निर्देश पर जामताड़ा पुलिस ने साइबर अपराधियों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है।
25 लाख 20 हजार रुपए के साथ दो शातिर साइबर अपराधियों को दबोचा है। जामताड़ा एसपी राज कुमार मेहता ने इसकी जानकारी दी।बताया जाता है कि जिले में साइबर अपराधियों के खिलाफ कार्रवाई में अबतक सबसे बड़ी रकम के साथ साइबर अपराधियों को गिरफ्तार किया गया है।
देवघर उपविकास आयुक्त पीयुष सिन्हा ने अपने कार्यालय प्रकोष्ठ में जलछाजन से सम्बंधित विभिन्न योजनाओं की समीक्षा बैठक की l
बैठक में समेकित प्रयासों पर ज़ोर देने का निर्देश दिया गया । बैठक में सभी विभागों के बीच समन्वय स्थापित कर जल छाजन से जुड़ी योजनाओं को प्रभावी ढंग से क्रियान्वित करने की आवश्यकता पर बल दिया गया। सभी संबंधित विभागों को विगत पांच वर्षों में निर्मित जलाशयों की सूची तैयार करने तथा मत्स्य पालन, कृषि उत्पादन और रोज़गार सृजन को एक-दूसरे से जोड़ने हेतु ठोस कार्य योजना बनाने का निर्देश दिया गया। समुदाय को जलाशयों से होने वाले लाभों की जानकारी देने के लिए व्यापक IEC (सूचना, शिक्षा एवं संचार) अभियान चलाने का निर्देश दिया गया। साथ ही यह सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया कि निजी भूमि पर बने जल संरचनाओं का लाभ भी सामुदायिक स्तर पर साझा किया जाए। समीक्षा के क्रम में यह भी निर्देश दिया गया कि जल छाजन से सम्बंधित विभिन्न आयामों जैसे आजीविका संवर्धन एवं विभिन्न स्थानीय क़ृषि उत्पादों के मूल्य संवर्धन पर भी कार्य किया जाय । साथ ही यह भी निर्देश दिया कि रागी के लड्डू, बिस्कुट आदि बनाने तथा उनकी आपूर्ति को स्वयं सहायता समूहों, आंगनबाड़ी केंद्रों, स्वास्थ्य केंद्रों व विद्यालयों से जोड़ें । समस्त कार्यों को आजीविका आधारित और लक्ष्य आधारित बनाकर समुदाय के बीच वास्तविक लाभ पहुंचाने तथा साथ ही स्ट्रॉबेरी जैसे फसलों में परियोजना के पहले और बाद की आय का तुलनात्मक अध्ययन करने के निर्देश दिए गए। जिला स्तर पर जल स्तर की पूर्व एवं पश्चात माप सुनिश्चित करने, जल संकट वाले क्षेत्रों के कुओं में स्तर चिह्नित करने, वर्षा जल संचयन की योजना तैयार करने एवं निष्क्रिय जल मीनारों की पहचान कर भूजल पुनर्भरण से जुड़ी परियोजनाओं पर कार्य करने का निर्देश दिया गया।सभी विभागों को निर्देशित किया गया कि वे सफल परियोजनाओं की केस स्टडी तैयार कर प्रतिवेदन साझा करें। साथ ही, ब्लॉक एवं पंचायत स्तर पर प्रशिक्षण देने हेतु दक्ष टीमों का गठन करने का निर्देश दिया गया । अंततः, परियोजना के क्रियान्वयन से पूर्व कृषि विशेषज्ञों, कार्यान्वयन एजेंसियों एवं अन्य हितधारकों से उचित परामर्श लेने की आवश्यकता को भी रेखांकित किया गया। इस समीक्षा बैठक में निदेशक,जिला ग्रामीण विकास शाखा देवघर, जिला अभियंता जिला परिषद देवघर, जिला भूमि संरक्षण पदाधिकारी, मनरेगा के परियोजना पदाधिकारी , प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना के कार्यान्वयन अभिकरण, (PIA), विभिन्न NGO के प्रतिनिधि, कृषि विज्ञान केंद्र (KVK) के वैज्ञानिक, तथा ABF उपस्थित थे।
देवघर श्रावणी मेला के सफल संचालन के लिए सुल्तानगंज से देवघर तक श्रद्धालुओं को बेहतर से बेहतर सुविधा व सुरक्षा के पुख्ता व्यवस्था मिले तथा दोनों राज्यों के बीच कैसे को-ओर्डिनेशन मजबूत हो, इसके लिए झारखण्ड एवं बिहार इंटर स्टेट को-ओर्डिनेशन की बैठक का आयोजन संथाल परगना आयुक्त लालचन्द डाडेल की अध्यक्षता में देवघर परिसदन के सभागार में आयोजित की गई।
इस दौरान उपायुक्त सह जिला दण्डाधिकारी नमन प्रियेश लकड़ा द्वारा मौके पर उपस्थित संथाल परगना प्रमंडल व भागलपुर प्रमंडल के कमिशनर के अलावा बिहार व झारखण्ड के उपायुक्त, पुलिस अधिक्षक एवं आलाधिकारियों का स्वागत किया। बैठक की शुरुआत उपायुक्त द्वारा पावर पॉइंट प्रेजेंटेशन (पीपीटी) के माध्यम से श्रावणी मेला 2025 के सुरक्षित व सुगम सम्पन्न कराने हेतु किन किन बिंदुओं पर कार्य किया जा रहा है की जानकारी दी गई। उन्होंने बताया कि रविवार व सोमवार को श्रद्धालुओं की संख्या अधिक होने पर कुमैठा तक जाने की संभावना बनी रहती है। ऐसे में कतारबद्ध सभी श्रद्धालुओं को सुरक्षित व सुगमतापूर्वक जलार्पण कराने हेतु विभिन्न जगहों को चिन्हित करते हूए मजिस्ट्रेट, पुलिस पदाधिकारी व कर्मियों की प्रतिनियुक्ति की गई है। साथ ही सभी को निदेशित किया गया है कि सभी श्रद्धालुओं को सुगमतापूर्वक जलार्पण कराए। साथ ही श्रद्धालुओं के विश्राम हेतु एवं उनके भीड़ को व्यवस्थित करने हेतु टेंट सिटी व होल्डिंग पॉइंट्स का निर्माण कराया गया है। जहाँ उनके विश्राम के साथ-साथ शौचालय, स्नानागर, पीने का पानी, स्वास्थ्य केंद्र व साफ-सफाई आदि की समुचित व्यवस्था किया गया है।
बाबाधाम मोबाइल एप्प से दोनों राज्यो के अधिकारियों को जोड़ा जायेगा
बैठक के दौरान संथाल परगना आयुक्त लालचन्द डाडेल द्वारा बतलाया गया कि बैठक का मुख्य उद्देश्य श्रावणी मेला, 2025 के सफल संचालन को लेकर विभिन्न बिन्दुओं पर विस्तृत चर्चा करना है, ताकि सुल्तानगंज से जल भरने के पश्चात श्रद्धालुओं द्वारा जिन-जिन स्थानों से होकर पैदल यात्रा की जाय, वहां श्रद्धालुओं को हर संभव सुविधा उपलब्ध करायी जा सके। इसके लिए कांवरिया मार्ग में पड़ने वाले सभी जिलों द्वारा आपसी समन्वय स्थापित कर व्यवस्थाएँ सुनिश्चित की जाय, ताकि श्रद्धालु सुगमतापूर्वक जलार्पण कर पायें और उन्हें किसी प्रकार की कठिनाईयों का सामना न करना पड़े। बैठक में संथाल परगना आयुक्त द्वारा आगे जानकारी दी गई कि श्रावणी मेला के दौरान काफी संख्या में श्रद्धालु देवघर व दुमका आते हैं। ऐसे मे श्रद्धालुओं को व्यवस्थित व सुगमतापूर्वक से जलार्पण कराना प्रशासन के लिए एक चुनौतिपूर्ण कार्य है।
यहां आगन्तुक सभी श्रद्धालुओं के भीड़ को नियंत्रित करने हेतु पूरे मेला क्षेत्र में कई होल्डिंग प्वाइंट बनाये गये हैं, जहां सभी मूलभूत सुविधाएँ यथा- बिजली, पंखा, शौचालय, मोबाईल चार्जिंग, स्वास्थ्य सुविधा, स्नानागार व पेयजल सुविधा आदि होंगी। संथाल परगना आयुक्त द्वारा आगे बतलाया गया कि पिछले वर्ष की तुलना में इस बार सूचना तकनीकी को और भी सुदृढ़ किया जायेगा। आधुनिक सूचना तकनीकी व्हाट्स एप्प के साथ साथ बाबाधाम मोबाइल एप्प एवं आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के माध्यम से अधिक से अधिक दोनों राज्यो के अधिकारियों को जोड़ा जायेगा, ताकि सूचना मिलते हीं त्वरित कार्रवाई की जा सके।
सघन गस्ती एवं चेकनाका के माध्यम से सभी गतिविधियों पर नजर रखी जाएगी
इसके अलावा बैठक के दौरान भागलपुर प्रमंडल के आयुक्त द्वारा सभी को संबोधित करते हुए कहा गया कि सुरक्षा व्यवस्था के दृष्टिकोण से एवं सुचनाओं के आदान-प्रदान व भीड़ नियंत्रण हेतु भागलपुर, बांका एवं मुंगेर के साथ आपसी समन्वय स्थापित कर कार्य किया जाये, ताकि उसके माध्यम से कावंरियां मार्ग के पल-पल की जानकारी का आदान-प्रदान लिया जा सके। साथ हीं अतर्राज्यीय सीमा के थानों से समन्वय किये जाने की बात बताते हुए श्रावणी मेला के दौरान सघन गस्ती एवं चेकनाका के माध्यम से सभी गतिविधियों पर नजर रखने की बात कही गयी। आगे उन्होंने दोनों राज्यों के अधिकारियों व पुलिस पदाधिकारियों को आपसी समन्वय के साथ श्रद्धालुओं की सुविधा व सुरक्षा हेतु कार्य करने की बात कही गयी। बैठक के दौरान उपायुक्त दुमका द्वारा बासुकीनाथ मेला से जुड़े विस्तृत जानकारी सभी को दी गयी। साथ हीं श्रावणी मेला के दौरान होने वाले विभिन्न गतिविधियों पर चर्चा करते हुए आपसी समन्वय से मेला के सफल संचालन में योगदान करने की बात कही गयी। वहीं पूरे मेला के दौरान बिहार एवं झारखण्ड के आलाधिकारियों के साथ समन्वय स्थापित कर शांति व्यवस्था कायम रखी जायेगी। समीक्षा के क्रम में भागलपुर, बांका के उपायुक्त, पुलिस अधीक्षक द्वारा अपने-अपने जिलों में चल रही तैयारियों के अलावा इंटरस्टेट बॉर्डर को-ओर्डिनेशन व सुरक्षा व्यवस्था को लेकर विस्तृत चर्चा की गयी।
छोटे-बड़े वाहनों के छतों पर किसी भी सूरत में श्रद्धालुओं को न बैठने दें
इंटर स्टेट को-ओर्डिनेशन की बैठक के दौरान उपायुक्त नमन प्रियेश लकड़ा के आग्रह पर बिहार से आने वाले सभी छोटे-बड़े वाहनों के छतों पर किसी भी सूरत में श्रद्धालुओं को न बैठने की व्यवस्था सुनिश्चित करने की बात कही गयी। साथ ही उपायुक्त श्री नमन प्रियेश लकड़ा ने कहा कि देवघर में मेले में जो जलार्पण की व्यवस्था, रूटलाईनिंग मैनेजमेंट, स्वास्थ्य व्यवस्था, आवासन, पेयजल, शौचालय आदि सुविधाओं से सभी को अवगत कराया। इसके अलावे दोनो राज्यों के संबंधित अधिकारी चौबिसों घंटे सम्पर्क में रहेंगें। बैठक में उपरोक्त के अलावा पुलिस महानिरीक्षक भागलपुर, आरक्षी उप महानिरीक्षक भागलपुर, पुलिस उप महानिरीक्षक संथाल परगना दुमका, जिलाधिकारी भागलपुर, जिलाधिकारी बाँका उपायुक्त देवघर, उपायुक्त दुमका, आरक्षी अधीक्षक भागलपुर, आरक्षी अधीक्षक बांका, आरक्षी अधीक्षक मुंगेर, आरक्षी अधीक्षक मुंगेर, पुलिस अधीक्षक देवघर व दुमका, पुलिस अधीक्षक गोड्डा, पुलिस अधीक्षक भागलपुर, पुलिस अधीक्षक बांका, उप विकास आयुक्त देवघर, अनुमंडल पदाधिकारी देवघर व मधुपुर, यातायात पुलिस उपाधीक्षक देवघर, अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी, नजारत उपसमाहर्ता देवघर एवं संबंधित विभाग के विभिन्न अधिकारी व पुलिस पदाधिकारी आदि उपस्थित थे।
देवघर प्रधानमंत्री आवास योजना(शहरी) के 10वीं वर्षगांठ पे लाभुकों का गृह प्रवेश ।
देवघर नगर निगम में प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) अंतर्गत संचालित घटक 4 के लाभुकों का गृह प्रवेश कार्यक्रम का आयोजन विभिन्न वार्ड में नगर आयुक्त रोहित सिंहा के निर्देशानुसार किया गया। ज्ञात हो कि भारत सरकार द्वारा प्रधानमंत्री आवास योजना के सफलतम 10 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में सभी राज्यों को विभिन्न कार्यक्रम का निर्देश दिया गया है । जिसमें गृह प्रवेश, लाभुक सम्मान समारोह, आवास पूर्णता प्रमाण पत्र वितरण, महिला लाभुकों का सम्मान आदि कार्यक्रम किया जाना है। आज कुल 16 लाभुकों का गृह प्रवेश वार्ड 4,10,24, 35एवं 36 में किया गया।शेष कार्यक्रम निगम में शनिवार को आयोजन किया जाएगा। वर्तमान में घटक 4 अंतर्गत 15594 आवास स्वीकृत है जिसमें 12296 आवास पूर्ण हो गया शेष आवासों को दिसंबर 2025 तक पूर्ण कर लेना है। अब नए आवास के लिए PMAY 2 के पोर्टल से आवेदन किया जा रहा है। कार्यक्रम में सहायक नगर आयुक्त, अर्बन प्लानर, तकनीकी विशेषज्ञ, सभी वार्ड सर्वेयर, लाभुकगण उपस्थित थे।
साहिबगंज पुलिस को बड़ी सफलता मिली। तीनपहाड़ थाना पुलिस ने तक़रीबन 50 लाख की कीमत के 97 मोबाइल के साथ एक युवक को गिरफ्तार किया हैं।
जिसमे कई आई फोन एंड्रॉआइड मोबाइल शामिल हैं। राजमहल एसडीपीओ विमलेश त्रिपाठी ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर बताया की आज सुबह पुलिस अधीक्षक को गुप्त सुचना मिली की एक व्यक्ति चोरी के मोबाइल का बड़ा खेप तीनपहाड़ पहुँच रहा हैं और आज ही बेचने के फिराक में हैं। जिसके बाद एसडीपीओ राजमहल के नेतृत्व में एक छपामारी दल गठित कर तीनपहाड़ थाना क्षेत्र के धमधमिया के पास एंटी क्राइम चेकिंग लगाकर सभी वाहन की जांच शुरु की जिसमे एक युवक भारी संख्या में चोरी के मोबाइल के साथ पकड़ा गया।
जिनके पास कुल 97 मोबाइल जब्त किया गया। जिसमें आई फ़ोन 15 पीस, गूगल पिक्सल 01, वन प्लस 02, वीवो 14, रियल मी 15, मोटोरोला 07, ओप्पो 12, सैमसंग 11 सहित 97 पीस मोबाइल पकडे गए जिसकी अनुमानित कीमत 50 लाख रूपये बताये जा रहे हैं. पकडे गए युवक की पहचान तीनपहाड़ थाना क्षेत्र के बिक्रम कुमार के रूप मी हुई हैं। जो सभी मोबाइल को पश्चिम बंगाल के कालियाचक के रास्ते बांग्लादेश भेजनें की योजना थी। इस मामले में पुलिस ने तीनपहाड़ थाना के कांड संख्या 94/25 दर्ज कर पकडे गए युवक को जेल भेज दिया।
देवघर उपायुक्त सह जिला दण्डाधिकारी नमन प्रियेश लकड़ा से तीर्थपुरोहित व पंडा समाज के सदस्यों ने मुलाकात कर राजकीय श्रावणी मेला, 2025 के अलावा बाबा मंदिर की व्यवस्था और शीघ्र दर्शनम कूपन को लेकर विभिन्न बिन्दुओं पर विस्तृत चर्चा की।
इस दौरान उपायुक्त नमन प्रियेश लकड़ा ने बाबा मंदिर में श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधा के संबंध में विमर्श किया, ताकि श्रद्धालुओं को बेहतर व्यवस्था प्रदान की का सके। इस दौरान उपरोक्त के अलावे मंदिर प्रभारी सह अनुमंडल पदाधिकारी रवि कुमार उपस्थित थे।
हजारीबाग में अपराधियों के हौसले पूरी तरह बुलंद नजर आ रहे हैं बीते अड़तालीश घंटे के अंदर तीन बड़ी घटना को अपराधियों ने अंजाम देकर सुरक्षा व्यवस्था पर बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है।
ताजा मामला बीती रात्रि का है जहां बड़कागांव थाना क्षेत्र की जोराकाठ में सड़क निर्माण कंपनी में लगे आधा दर्जन वाहनों को अपराधियों ने आग के हवाले कर दिया जिसके बाद से इलाके में दहशत का माहौल है घटना की जानकारी मिलते ही जिले की पुलिस इस क्षेत्र में पहुंच कर लगातार अपराधियों तक पहुंचने की जुगत में है पुलिस अधीक्षक अंजनी अंजन सोमवार को एक बजे स्वयं घटनास्थल पर पहुंचकर पूरे मामले की संघनता से जांच कर अपने कनिष्ठ अधिकारी और पदाधिकारी को कई दिशा निर्देश भी दिया है। इस अवसर पर एसपी अंजनी अंजन ने यह साफ किया है कि दहशत फैलाने और लेवी लेने के उद्देश्य से ही इस घटना को उग्रवादियों ने अंजाम दिया है ग्रामीणों ने दबी जुबान लोगों ने आशंका जताई है कि हो न हो इस घटना को उग्रवादी संगठन के द्वारा अंजाम दिया गया हो, बताते चले कि घटनास्थल से अब तक ना तो किसी प्रकार का पर्चा मिला है और ना ही किसी प्रकार का धमकी दिए जाने की बात सामने आई है ऐसे में पुलिस के लिए अब यह भी चुनौती है कि आखिर इस घटना के पीछे का मुख्य वजह क्या है ।
साहिबगंज बोरियो थाना क्षेत्र के बसनिया गांव में एक प्रेमी जोड़े को अवैध संबंध बनाए जाने के संदेह के आरोप में ग्रामीणों व महिला के परिवार वालों ने बीती रात्रि लगभग 7 से 8 के बीच युवक युवती को पकड़ लिया।
जिसके बाद जोड़े को बांधकर रखा गया है। 20 घंटे बीत जाने के बाद बोरियो थाना की पुलिस बंधकों को मुक्त नहीं करा पाई । जानकारी अनुसार छोटा कुसमी गांव का एक गैर आदिवासी लड़का (जो पेशे से टेंपो चालक है), उनका अवेध संबंध बसनिया गांव की किसी आदिवासी महिला के साथ था। महिला चार बच्चों की मां भी है। कुछ दिनों पूर्व महिला के पति को दोनों के ऊपर शक हुआ था। जिस कारण बीते सोमवार की रात्रि नाटकीय तरीके से विवाहित महिला का पति बारात जाने का बहाना बना कर गांव में ही छिप गया। इधर महिला को लगा कि पति बारात जा चूका है, तो उन्होंने अपने प्रेमी को मिलने के लिए बुला लिया। जिसके बाद पति ग्रामीणों के सहयोग से दोनों को रंगे हाथ पकड़ लिया, इसके बाद आक्रोशित परिवार वालों व ग्रामीणों ने अवैध संबंध के आरोप में पकड़े गए महिला व पुरुष को जमकर पिटाई की और रस्सी से बांध कर बंधक बना लिया। उसके बाद ग्रामीणों ने आदिवासी परंपरा के अनुसार मौखिक रूप से प्रेमी पर आर्थिक जुर्माना के रूप में तीन लाख रूपए का जुर्माना लगाया है, वहीं स्थानीय लोगों में यह भी चर्चाएं हो रही हैं अगर प्रेमी महिला को अपनाकर शादी कर लेता है तो 30 हजार रूपए का ही जुर्माना देना होगा। हालांकि अभी तक साहिबगंज जिला के बोरियों थाना की पुलिस घटना स्थल पर पहुंचने के बाद भी बंधक बनाए गए महिला पुरुष को मुक्त करने में असफल है।