घटना के संबंध में मुख्य बिंदु
घटना हजारीबाग जिला के केरेडारी थाना क्षेत्र में हुई। 26 अप्रैल की रात कोले स्टेशन के पास गोलीबारी में मंजू देवी की मौत हुई, जबकि पति घायल हुआ।
जांच में पता चला कि यह कोई लूट नहीं, बल्कि पूर्व नियोजित हत्या थी। पति विकास प्रजापति ने अपने पिता और अन्य साथियों के साथ मिलकर साजिश रची। कुल 3 आरोपी गिरफ्तार किए गए हैं और उन्हें न्यायिक हिरासत में भेजा गया है। एक आरोपी अभी भी फरार है, जिसकी तलाश जारी है।घटना में इस्तेमाल की गई मोटरसाइकिल भी पुलिस ने बरामद कर ली है।
हजारीबाग // जिला के केरेडारी थाना क्षेत्र में मंजू देवी हत्याकांड का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। इस मामले में पति विकास प्रजापति समेत तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है, जबकि एक आरोपी फरार है।
पत्नी की हत्या के लिए पति ने की प्लानिंग
घरेलू विवाद को लेकर पति ने पत्नी की हत्या कराने के लिए दो लोगों से संपर्क किया और फिर 26 अप्रैल की रात कोले स्टेशन के पास हुई गोलीबारी में मंजू देवी की मौत हो गई थी इस घटना में पति भी घायल हुआ था। इस घटना को आरोपी पति लुट की कहानी बनाकर पुलिस के समक्ष लाया लेकिन पुलिस की जांच में ये बातें पूरी तरह झूठ निकली।
बाप बेटे ने अन्य लोगों के के साथ मिलकर की हत्या
पुलिस अधीक्षक अमन कुमार ने बताया कि घटना को लेकर अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी पवन कुमार के नेतृत्व में टीम का गठन किया गया। और टिम के द्वारा इसकी जांच की तो यह लुट की कहानी का पर्दाफाश हुआ । पुलिस अधीक्षक ने बताया कि घटना पारिवारिक विवाद से संबंधित था परिवारिक विवाद के कारण पति ने ही अपने पिता और सहयोगियों के साथ मिलकर हत्या की साजिश रची थी और घटना को लूट का रूप देने की कोशिश की थी।
पुलिस ने घटना में प्रयुक्त मोटरसाइकिल भी बरामद कर ली है और फरार आरोपी की तलाश जारी है।
