देवघर: साइबर अपराध के खिलाफ देवघर पुलिस की कार्रवाई लगातार जारी है। पुलिस अधीक्षक प्रवीण पुष्कर के आदेश पर साइबर थाना पुलिस ने छापेमारी कर पांच कथित साइबर अपराधियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार आरोपियों पर फर्जी कस्टमर केयर प्रतिनिधि बनकर लोगों से ठगी करने सहित कई तरीकों से साइबर अपराध करने का आरोप है।

साइबर थाना की ओर से जारी प्रेस नोट के अनुसार, गुप्त सूचना के आधार पर सारठ थाना क्षेत्र में छापेमारी की गई। कार्रवाई के दौरान पांच आरोपियों को पकड़ा गया। प्रारंभिक जांच में इनके पास से बरामद मोबाइल फोन और सिम कार्ड के संबंध में साइबर ठगी में संलिप्तता के संकेत मिलने की बात पुलिस ने कही है।
इन पांच आरोपियों की हुई गिरफ्तारी
पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपियों में
- 1. सरफराज आलम उम्र करीब 30 वर्ष पिता इम्तीयाज आलम सा० बरमसिया थाना सारठ
- 2. विजय कुमार दास उम्र करीब 21 वर्ष पिता रविन्द्र दास सा० सिमरातरी थाना पाथरौल
- 3. शिवम कुमार दास उम्र करीब 19 वर्ष पिता ठाकुर दास सा० चरकमारा थाना सारठ
- 4. नितेश कुमार उम्र करीब 19 वर्ष पिता किशोर मंडल सा० दौदिया थाना सोनारायठाड़ी एवं
- 5. अभय कुमार दास उम्र करीब 24 वर्ष पिता सुखसागर दास सा० लेड़वा थाना पाथरौल सभी जिला देवघर
इस तरीके से करते थे साइबर ठगी
पुलिस के मुताबिक आरोपी विभिन्न तरीकों से लोगों को झांसे में लेते थे। इनमें प्रमुख रूप से—
- Flipkart/Amazon कस्टमर केयर प्रतिनिधि बनकर कैशबैक का झांसा देकर ठगी करना।
- Google Pay, PhonePe और Paytm कस्टमर केयर के नाम पर लोगों से संपर्क कर ठगी करना।
- APK फाइल भेजकर मोबाइल का एक्सेस हासिल करने और ठगी करने का प्रयास।
- PM-Kisan योजना, बिजली बिल और RTO चालान आदि के नाम पर फर्जी APK फाइल भेजना।
- फर्जी Airtel Payment Bank अधिकारी बनकर मोबाइल नंबर से Airtel Thanks ऐप के जरिए Payment Bank खाता बंद होने का झांसा देना और दोबारा चालू कराने के नाम पर ठगी करना।
पांच मोबाइल और आठ सिम बरामद
पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों के पास से 5 मोबाइल फोन और 8 सिम कार्ड बरामद किए हैं। प्रेस नोट के अनुसार तकनीकी जांच के बाद बरामद मोबाइल नंबरों और IMEI नंबरों के संबंध में विभिन्न राज्यों में साइबर ठगी की शिकायतें दर्ज होने की जानकारी भी सामने आई है।
पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपी सरफराज आलम के खिलाफ पूर्व में देवघर साइबर थाना कांड संख्या 125/25 तथा जिला दुमका के शिकारीपाड़ा थाना कांड संख्या 115/24 में भी आरोपित होने की जानकारी दी गई है।
देवघर साइबर थाना पुलिस ने कहा है कि मामले में बरामद मोबाइल और सिम कार्ड की तकनीकी जांच जारी है। जांच के दौरान साइबर ठगी से जुड़े अन्य मामलों और संभावित नेटवर्क के संबंध में भी जानकारी जुटाई जा रही है।
