Deoghar डॉ सी.के. शाही, क्षेत्रीय उपनिदेशक, स्वास्थ्य सेवाएं, संताल परगना के साथ सिविल सर्जन, देवघर के द्वारा सिविल सर्जन कार्यालय प्रकोष्ठ में राजकीय श्रावणी मेला 2025 से संबंधित तैयारियों एवं कार्य योजना के बारे में जिला स्तरीय प्रतिनियुक्त पदाधिकारीयों एवं कर्मचारियों के साथ बैठक कर विस्तृत चर्चा की गई। साथ ही मेला में स्वास्थ्य विभाग की उपलब्धि एवं कांवरियों के लिए और बेहतर व्यवस्था हेतु दिशानिर्देश दिए गए। उक्त बैठक में मेला कोषांग में प्रतिनियुक्त पदाधिकारियों एवं कर्मचारियों तथा शिविर में प्रतिनियुक्ति चिकित्सक और अन्य स्वास्थ्य कर्मियों से भी कार्यस्थल पर ससमय पहुंच कर सेवाभाव से कार्य करने का अनुरोध किया गया। इस दौरान साफ-सफाई पर विशेष ध्यान देने हेतु भी निर्देशित किया गया।
Deoghar श्रावणी मेला के दौरान बाबा नगरी पहुंचने वाले कांवरियों की सुविधा के लिए राज्य सरकार और जिला प्रशासन हर आवश्यक ब्यवस्थाएँ करती है ताकि उन्हें किसी प्रकार की दिक्कत नहीं हो। इसी कड़ी में शुक्रवार को देवघर एसबीआई साधना भवन ब्रांच के द्वारा कांवरियों को नगद पैसे के लिए परेशान नहीं होना पड़े, इसको देखते हुए एक मोबाईल एटीएम वेन की शुरुवात की गई जो पूरे श्रावणी मेला के दौरान मेला क्षेत्र सहित कांवरिया पथ में भी भ्रमण करेगा।
इस वेन में इतनी पैसा अवश्य रहेगा जिससे कांवरियों को कोई दिक्कत का सामना नहीं करना पड़े। वही मौके पर बैंक के ब्रांच मैनेजर प्रशांत कुमार ने बताया कि एसबीआई सिर्फ़ कारोबार ही नहीं करती है साथ सामाजिक सरोकार से सम्बंधित कार्यो को भी करती है,इसी क्रम में आज बैंक के एक मोबाईल एटीएम वाहन को रवाना किया गया है जो पूरे मेला क्षेत्र में घूमेगी इससे यहां पहुंचे कांवरियों को पैसा की निकासी वगैरह में आसानी होगी और उन्हें एटीएम के लिए इधर उधर भटकना नहीं पड़ेगा। मौके पर इस दौरान एसबीआई के अधिकारी और कर्मी मुख्य रूप से उपस्थित थे।
देवघर कोई अगर 69 वर्ष की उम्र में भी रक्तदान कर रहें हैं,तो निश्चित रूप से यह एक मिसाल है। इसी क्रम में चकाई निवासी प्रदीप कुमार सिन्हा ने देवघर के ही एक मरीज के लिए रक्तदान कर उनके जीवन रक्षा में अपनी महती भूमिका निभाई है। जहां इस उम्र में लोग रक्तदान के नाम मात्र से घबड़ाते है। वहीं श्री सिन्हा ने उत्साह के साथ रक्तदान किया है। मौके पर प्रदीप कुमार सिन्हा ने कहा कि रक्तदान से बड़ा और क्या महान दान हो सकता है। मन मे मदद करनें की जज्बा होनी चाहिए किसी की मदद में उम्र को कभी आड़े आनें नहीं दूंगा और जब तक जिस्म में ताकत है जरूरत मंद को अवश्य रक्तदान करूंगा।बहरहाल श्री सिन्हा के इस नेक कार्य की प्रशंसा हो रही है। वहीं मौके पर समीर मिश्रा ने कहा कि देवघर के एक मरीज को खून की बहुत जरूरत थी, प्रदीप कुमार सिन्हा से संपर्क किया,तो वे रक्तदान के लिए तैयार हो गए।
देवघर मोहनपुर थाना अंतर्गत कांवरियों से भरी यात्री वाहन और ऑटो के टक्कर में एक युवक के बुरी तरह से घायल होनें की सूचना है। घटना के विषय मे बताया जा रहा है कि यह घटना घाघरा मोड़ के निकट हुई है। छोट बहियार ग्राम निवासी विकास कुमार अपने ऑटो लेकर देवघर की ओर आ रहे थे इसी क्रम में विपरीत दिशा से आ रही एक कांवरियों से भरा वाहन ने आमने सामने एक जोरदार टक्कर मार दिया। जिससे गाड़ी अनियंत्रित हो गया और सवार युवक नीचे गिर गया और ठीक इसके ऊपर ऑटो भी पलट गया जिससे उसे गम्भीर चौट आयी है। खास कर एक हाथ पूरी तरह से कुचल गया। बहरहाल परिजनों को खबर मिलने के बाद मौके पर पहुंचकर घायल को सदर अस्पताल लाया गया जहां उसका ईलाज चल रहा है। बताते चलें कि अभी श्रावणी मेला चल रहा है और बहुत से दूसरे प्रदेशों के वाहनों का प्रवेश बाबा नगरी में होता है ऐसे में सुरक्षित रूप से वाहन चलाना बहुत जरूरी।
Deoghar झारखंड राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण रांची के दिव्यांग बच्चो के लिए 15 दिवसीय विशेष अभियान प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश देवघर सह अध्यक्ष ,जिला विधिक सेवा प्राधिकरण देवघर के निर्देशानुसार जिला विधिक सेवा प्राधिकरण देवघर के सचिव संदीप निशित बारा चीफ LADC सज्जन कुमार मिश्र के साथ स्पष्टीक दिव्यांग आवसीय विद्यालय एवं अनाथालय चुल्हिया मोहनपुर पहुँच कर दिव्यांग बच्चों के बारे में विस्तृत जानकारी प्राप्त किए । बच्चों के रहने खाने पीने आदि का निरीक्षण किया गया। दिव्यांग बच्चों से संवाद स्थापित कर बच्चों के बीच बिस्कुट और चॉकलेट आदि का वितरण किए। और वैसे सभी दिव्यांग बच्चे जिनका दिव्यांग प्रमाणपत्र अभी तक नही बना है । सभी को चिन्हित किया गया, जिससे उन्हें सरकारी सविधाएँ मुहैय्या कराया जा सकेगा। साथ ही योजना के तहत अनाथ बच्चों के आधार कार्ड बनने के प्रगति का जायजा लिए जिसमे उन्हें बताया गया कि सभी बच्चों जिसकी संख्या 12 है का आधार कार्ड बनने ली प्रक्रिया में EKYC और पंजीकरण हो चुका है।
Ranchi पोड़ैयाहाट विधायक प्रदीप यादव (Pradip Yadav Godda) के प्रयास से 15 अगस्त के दिन गोड्डा को बड़ी सौगात मिल सकती है। शिक्षा के क्षेत्र में विधायक प्रदीप यादव की अच्छी पहल शुक्रवार को विधायक ने गोड्डा में शिक्षा को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने के लिए उच्च अधिकारियों से मुलाकात की। और बी.एड. कॉलेजों की मान्यता को लेकर राहुल पुरवार, प्रधान सचिव, उच्च एवं तकनीकी शिक्षा विभाग, ने आश्वासन दिया कि बी.एड. कॉलेजों की पुनरमान्यता की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है और जल्द पूरी होगी। वही गोड्डा इंजीनियरिंग कॉलेज को लेकर कहा कि 15 अगस्त 2025 तक प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन द्वारा उद्घाटन की तैयारी है । प्रो. मदन गोपाल कियारी प्रिंसिपल नियुक्त। अगले 3 माह तक पढ़ाई बी.आई.टी. सिंदरी में, फिर गोड्डा शिफ्ट। आगे कहा कि हॉस्टल सुविधा की मांग पर भी सकारात्मक विचार किया गया। उच्च विद्यालय अपग्रेड दामा, लीलादह, कस्तूरी और चौराजोर उच्च विद्यालयों को +2 में अपग्रेड करने पर स्कूली शिक्षा विभाग के प्रधान सचिव से चर्चा, जल्द समीक्षा का किया वादा। गोड्डा कॉलेज वन भूमि समस्या के समाधान के लिए नए सिरे से कार्य शुरू।
Hazaribag जिला खनन कार्यालय में शुक्रवार को 11:45 बजे अचानक केंद्रीय जांच एजेंसी ईडी की टीम पहुंची और दस्तावेजों को खंगालना शुरू कर दिया है।
इस दौरान जिला खनन पदाधिकारी अजीत कुमार ,इंस्पेक्टर समेत कई कर्मियों से कई संबंधित मामलों में जानकारी भी ली जा रही है। यह जांच कोयला लिंकेज,पत्थर उत्खनन लीज और बालू कारोबार से जुड़े टेंडर में गड़बड़ी से संबंधित बताया जा रहा है। पांच सदस्यीय ईडी की टीम है ।जिसमें एक महिला और चार पुरुष पदाधिकारी हैं। यह टीम दो इनोवा वाहनों से हजारीबाग पहुंची है। बताया जाता है की एजेंसी को हाल ही में हजारीबाग में सात ठिकानों पर हुई छापेमारी के बाद कुछ अहम जानकारी मिली है इसी आधार पर यह छापेमारी चल रही है।
साहिबगंज राजमहल थाना क्षेत्र के कुसमाचक सड़क के पास उस वक्त अफरा-तफरी मच गई, जब जमीन विवाद को लेकर दो भूमाफिया गुटों में भिड़ंत हो गई। देखते ही देखते 10 से 15 राउंड हवा में फायरिंग कर दी गई।फायरिंग की आवाज से इलाके में दहशत फैल गई। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची, लेकिन उससे पहले ही सभी आरोपी बाइक छोड़कर फरार हो गए।
दो गुटों के बीच हुए तनाव के बाद दर्जनों राउंड फायरिंग
पुलिस ने घटनास्थल से लगभग एक दर्जन मोटरसाइकिल बरामद की है।स्थानीय ग्रामीणों ने बताया कि विवादित जमीन पिछले 50 वर्षों से सुपारी राय के परिवार के कब्जे में रही है। जमीन को लेकर पूर्व में पंचायत स्तर पर भी पंचायती हो चुकी है, जिसमें दोनों पक्षों को दस्तावेज प्रस्तुत करने का मौका दिया गया था।मुखिया के अनुसार, सुपारी राय के परिवार ने ही जमीन के वैध कागजात पेश किए थे। 18 बीघा भूमि पर इनका दावा है। वहीं सुपारी राय के वंशजों का आरोप है कि कुछ भूमाफिया उन्हें जबरन बेदखल करने की कोशिश कर रहे हैं।फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी हुई है और जल्द ही दोषियों की गिरफ्तारी की बात कही जा रही है। मूल रैयतों ने प्रशासन से दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
देवघर सम्पूर्ण मेला क्षेत्र में श्रद्धालुओं की सुविधा व सुरक्षा के साथ हाईटेक तकनीक पर काफी जोर दिया गया है, जो कांवरियों के लिए काफी सुविधाजनक साबित हो रही है और प्रशासन का काम भी इससे आसान हो रहा है। पहली बार मेले में डिजिटल व्यवस्था के जरिये जहां भीड़ को नियंत्रित करने में प्रशासन की बड़ी राहत मिल रही है, वहीं अपने परिजनों से बिछड़े श्रद्धालुओं को मिलाने में एआइ कैमरे भी अहम भूमिका निभा रहा है। रोजाना एआइ तकनीक की मदद से श्रद्धालुओं को सकुशल उनके परिजनों से मिलाया।
एआइ स्कैनर में अपलोड करते हैं मिलती है लोकेशन
इसके अलावा आएएमसीआर से इसकी निगरानी की जाती हैं। साथ ही मंदिर परिसर में 30 और कतार रूटलाइन पर दुम्मा समेत आसपास के इलाकों 170 एआई तकनीक से लैस हाई रेजोल्यूशन वाले कैमरे लगाये गए हैं, ये कैमरे हर गुजरने वाले श्रद्धालु की तस्वीर को स्कैन कर सुरक्षित कर रहे है, जब किसी कांवरियों के बिछड़ने की सूचना मिलती है, तो उस स्थान के फुटेज की खंगाला जाता है और संबंधित व्यक्ति की फोटो निकाली जाती है। इसके बाद उस तस्वीर की एआइ स्कैनर में अपलोड किया जाता है, जिससे यह तुरंत पता चल जाता है कि वह व्यक्ति अंतिम समय में कहा दिखाई पड़ा था और उसकी वर्तमान लोकेशन क्या है। एलइडी स्क्रीन से होती है पहचान का ऐलान जब एआय सिस्टम से खोये हुए व्यक्ति की लोकेशन का पता चल जाता है, तो उसकी फोटो की एलइडी स्क्रीन पर फ्लैश किया जाता है, इसके साथ ही उस इलाके के सूचना केंद्र व ड्यूटी पर तैनात अधिकारियों को सतर्क कर दिया जाता है। इसके बाद संबंधित कांवरियों को अधिकारी, पुलिस टीम या कर्मियों की मदद से सुरक्षित परिजनों से मिलाया जाता है। उनके द्वारा स्पेशल टीम द्वारा दिन-रात इस व्यवस्था को संभाल रही टीम में आइटी विशेषज्ञों से लेकर कई प्रशासनिक अधिकारियों तक को शामिल किया गया हैं, जो हर अलर्ट पर तत्परता से कार्रवाई कर रहे हैं। इस तकनीक से मेले में चौकस रूप से निगरानी की जा रही है।
Dumka उपराजधानी दुमका में खाद्य सुरक्षा विभाग ने नकली खाद्य पदार्थों के खिलाफ अपनी मुहिम तेज कर दी है। आम जनता को सुरक्षित और शुद्ध खाद्य सामग्री उपलब्ध कराने के लिए विभाग लगातार दुकानों और आपूर्ति केंद्रों पर छापेमारी कर रहा है। इसी कड़ी में, बिहार से दुमका बस स्टैंड लाए गए लगभग 100 किलो केमिकल युक्त नकली पनीर को खाद्य सुरक्षा विभाग ने गुप्त सूचना के आधार पर जब्त किया है। श्रावणी मेला के दौरान नकली पनीर, पेड़ा और आइसक्रीम जैसे खाद्य पदार्थों की बड़े पैमाने पर खपत की आशंका को देखते हुए यह कार्रवाई और भी महत्वपूर्ण हो जाती है। खाद्य सुरक्षा पदाधिकारी अमित कुमार राम ने बताया कि विभाग को जैसे ही नकली पनीर की सूचना मिली, त्वरित कार्रवाई करते हुए इसे जब्त कर नष्ट कर दिया गया।
उन्होंने कहा, “हम लगातार छापेमारी कर रहे हैं ताकि मिलावटी और नकली खाद्य पदार्थों पर रोक लगाई जा सके। आम जनता से अपील है कि वे खाद्य सामग्री खरीदते समय सावधानी बरतें।”हालांकि, विभाग की इस कार्रवाई से मिलावटखोरों में हड़कंप मचा है, लेकिन नकली खाद्य पदार्थों के इस धंधे पर पूरी तरह अंकुश लगाना अभी भी चुनौती बना हुआ है। खाद्य सुरक्षा विभाग ने आश्वासन दिया है कि ऐसी कार्रवाइयां आगे भी जारी रहेंगी।फूड सेफ्टी अधिकारी अमित राम ने जनता से अपील की है की खाद्य सामग्री खरीदते समय उसकी गुणवत्ता और पैकेजिंग की जांच करें। किसी भी संदिग्ध सामग्री की जानकारी तुरंत खाद्य सुरक्षा विभाग को दें।
देवघर बाबा मंदिर में चली आ रही लगभग 150 साल की परंपरा के अनुसार बेलपत्र प्रदर्शनी व बेलपत्र चढ़ाने की परंपरा प्राचीन है। इसी क्रम में आज श्रावण मास कृष्ण पक्ष सप्तमी तिथि पर पहले दिन की पहली गुरुवार पर विभिन्न दलों के द्वारा आकर्षक बेलपत्र प्रदर्शनी का आयोजन किया गया। इसमें सभी दलों द्वारा शाम 7:30 बजे बाबा व मां पार्वती पर बेलपत्र अर्पित कर पूजा अर्चना की गई। इसके साथ ही शाम 6 बजे से सभी दलों की ओर से अपने पहाडी़ विल्वपत्र को चांदी व स्टील के बर्तनों में फुलों से सजाकर शहर भ्रमण को निकला। इसके बाद दलों द्वारा अपने विल्वपत्र के साथ अपनी गद्दी पर बैठ कर आकर्षक व अनोखी पहाड़ी विल्वपत्र की प्रदर्शित लगाया गया।
इसमें काली मंदिर में जनरेल समाज व देवकृपा वन सम्राट बेलपत्र समाज, लक्ष्मी नारायण मंदिर में मसानी दल एक व मसानी दल दो एवं शांति अखाड़ा समाज, तारा मंदिर में बरनेल समाज, राम मंदिर में राजाराम बेलपत्र समाज, आनंद भैरव मंदिर में पंडित मनोकामना राधे श्याम बेलपत्र समाज के एक ओर दो दलों द्वारा आकर्षक एवं बाबा की त्रिनेत्र के समान अनोखे पहाड़ी बिल्वपत्र की प्रदर्शनी लगाई गयी।
दुमका/जरमुंडी प्रखंड क्षेत्र के बेदिया गांव में डायरिया के प्रकोप से पिछले दस दिनों में मां एवं दुधमुंहे बच्चे सहित चार लोगों की मृत्यु होने का मामला सामने आया है। बीते रात एक बुजुर्ग महिला एवं आज एक साठ वर्षीय बुजुर्ग की अचानक मौत हो जाने से गांव में भय का माहौल बन गया है। ग्रामीणों ने बताया कि बीते 10 दिन पूर्व गांव की एक 28 वर्षीय महिला संगीता मरांडी की मौत डायरिया से अन्य गांव उसके मायके में हो गई। वही दो दिन बाद उसके छह माह के दूध मुंहे बच्चे की भी मौत हो गई। फिर बुधवार की रात्रि एक 60 वर्षीय महिला सोना बास्की की मौत हो गई जबकि गुरुवार के दिन गांव के ही 60 वर्षीय बबलू किस्कू की भी मौत हो गई। लगातार ग्रामीणों की मौतें हो जाने से किसी महामारी की आशंका से ग्रामीण भयभीत हो गए और ग्रामीणों ने इसकी सूचना पूर्व जरमुंडी विधायक एवं पूर्व कृषि मंत्री बादल पत्रलेख को दी इसके बाद स्वास्थ्य मंत्री इरफान अंसारी के संज्ञान में मामला आया। स्वास्थ्य मंत्री ने तत्काल दुमका सिविल सर्जन डॉ कमलेश्वर प्रसाद को प्रभावित गांव में चिकित्सकीय टीम भेजने का निर्देश दिया। सिविल सर्जन डॉ कमलेश्वर प्रसाद एवं जरमुंडी प्रखंड चिकित्सा पदाधिकारी डॉ सुनील कुमार सिंह चिकित्सकों की टीम के साथ प्रभावित गांव पहुंचे और समस्त गांव के लोगों की जांच की। गहन जांच के बाद डॉक्टरों की टीम को पूरे गांव में एक भी डायरिया से पीड़ित मरीज नहीं मिला। इस संबंध में सिविल सर्जन ने बताया कि जिस प्रकार लोगों द्वारा बताया गया कि पूरे गांव के लोग डायरिया से पीड़ित हैं लेकिन वर्तमान में गांव में एक भी डायरिया पीड़ित मरीज नहीं मिला। बीते 10 दिन पूर्व जिस महिला की मृत्यु हुई है वह अन्य जगह हुई है जबकि उसके बच्चे की मौत उचित देखभाल नहीं होने के कारण हुई हो। वर्तमान में जो महिला एवं पुरुष की मृत्यु हुई है वह दोनों 60 वर्ष से अधिक उम्र के थे और डायरिया के साथ-साथ अन्य बीमारियों से भी ग्रसित थे। वहीं प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉक्टर सुनील कुमार ने दावा करते हुए कहा कि गांव में अन्य बीमारियों से तो लोग ग्रसित पाए गए लेकिन डायरिया जैसे बीमारी से पीड़ित कोई भी मरीज नहीं मिला। उनका कहना है कि गांव के लोग जागरूक हैं और पेयजल के रूप में चापानल का स्वच्छ पानी का उपयोग करते हैं।
देवघर बैधनाथ धाम देवघर में श्रावणी मेला चल रहा है और इस मेले में प्रत्येक वर्ष लाखों की संख्या में कांवरिया पहुंचते हैं इस वर्ष भी श्रावणी मेला के शुभारंभ से लेकर वर्तमान तक कांवरिया लगातार पहुंच रहें हैं। ऐसे में जिला प्रशासन की ओर से श्रावणी मेला में की गई तैयारी और आय को लेकर जिला के उपायुक्त नमन प्रियेश लकड़ा ने 11 जुलाई से 16 जुलाई तक का लेखा जोखा प्रेस कांफ्रेंस के माध्यम से दिया।बीते 11 जुलाई से 16 जुलाई तक सभी अर्घा के माध्यम से 8 लाख 70 हजार 53 कांवरियों ने जलार्पण किया है।
50 लाख 54 हज़ार 784 रुपए की आमदनी
वहीं विभिन्न मद से आय के रूप में 50 लाख 54 हज़ार 784 रुपए की आमदनी हुई है।वहीं मंदिर से 10 ग्राम की 81 चांदी के सिक्के की विक्री हुई है।जबकि परिवहन विभाग से राज्य प्रवेश शुल्क के रूप में 37 लाख 5 हज़ार 7सो 25 रुपए की आमदनी हुई है।राज्य कर के रूप में 254.40 लाख रुपए की प्राप्ति हुई है।वहीं नगर निगम के द्वारा विभिन्न बस पड़ाव तथा विभिन्न प्रकार की व्यवस्थाओं से 40 लाख 13 हज़ार 5 सो रुपए की आमदनी हुई है।वहीं विद्धुत विभाग के द्वारा 17 लाख 29 हजार 410 रुपये राजस्व की प्राप्ति हुई है।वहीं खाद्य सुरक्षा विभाग के द्वारा भी लगातार खाद्य प्रतिष्ठानों की जांच पड़ताल की जा रही है।इसी क्रम में मौके पर उपस्थित जिला के एसपी अजित पीटर डुंग डुंग ने पुलिस विभाग की द्वारा मेला क्षेत्र में की गई पुलिसिंग व्यवस्था की पूरी पूरी जानकारी दी।
जिसमें एनडीआरएफ,सीआरपीएफ,जिला पुलिस बल,झारखंड जगुआर,स्वान दस्ता,अश्रु गेस दस्ता, रेप और रैफ दस्ता आदि शामिल है और सभी विधिव्यवस्था के संचालन में पूरे मेला क्षेत्र में महती भूमिका निभा रहें हैं।मौके पर उपस्थित अधिकारियों ने मेला क्षेत्र में कांवरियों की सुविधा के लिए की गई व्यवस्थाओं की विस्तृत जानकारी दी। प्रेस कांफ्रेंस के दौरान उपायुक्त नमन प्रियेश लकड़ा, डीडीसी पीयूष सिन्हा,एसडीओ रवि कुमार,नगर आयुक्त रोहित सिन्हा,सीएस युगल किशोर चौधरी,एसपी अजित पीटर डूंग डूंग,खेल पदाधिकारी संतोष कुमार, डीपीआरओ राहुल कुमार,सहायक जनसपंर्क पदाधिकारी रोहित विद्यार्थी,निर्भय ओझा,राजेश कुमार सहित सम्बंधित विभाग के कर्मी उपस्थित थे।
जमशेदपुर बीते दिन बुधवार दोपहर लगभग 1 बजे भुइयांडीह मटन दुकान के समीप फायरिंग की घटना का उद्वेदन करते हुए पुलिस ने तीन युवकों को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। गिरफ्तार किए गए युवकों का नाम समीर जैना, विजय तिवारी उर्फ गोलू और अभिषेक कुमार सिंह है। इनके पास से दो देशी कट्टा, एक जिंदा गोली और दो खोखा बरामद किए गए है। मामले की जानकारी देते हुए सिटी एसपी कुमार शिवाशीष ने बताया कि फायरिंग की घटना की पुष्टि नहीं हो पा रही थी लेकिन पीड़िता रितु लोहार के द्वारा की गई शिकायत पर आरोपी समीर जाना को हिरासत में लिया गया जिसके बाद उससे पूछताछ की गई। उसने टकलू लोहार के बेटे प्रिंस लोहार को धमकाने एवं उसकी पत्नी रितु लोहार पर फायरिंग करने की बात स्वीकारी। सिटी एसपी ने बताया गया कि अभियुक्त समीर जाना के द्वारा टकलू लोहार की पत्नी पर फायरिंग करते समय उसका दोस्त अभिषेक कुमार सिंह भी एक देशी कट्टा के साथ घटनास्थल पर मौजूद था। फायरिंग के बाद एक छोरी के मोटरसाइकिल से भाग कर दोनों टेल्को गए और अपने दोस्त विजय तिवारी उर्फ गोलू को हथियार और गोली को छिपने के लिए दे दिया और फायरिंग के बाद खोखा अभिषेक कुमार सिंह को रखने दिया गया था। इनके पास से दो देशी कट्टा, दो खोखा, एक जिंदा गोली, एक मोटरसाइकिल एवं एक एंड्राइड मोबाइल बरामद की गई है।
दुमका जिला के बासुकीनाथ धाम में एक महीने तक चलने वाले श्रावणी मेला के दौरान श्रद्धालुओं के सुगम जलार्पण के साथ सेहत का भी ध्यान रखा जा रहा है। इसी कड़ी में खाद्य सुरक्षा पदाधिकारी दुमका अपनी टीम के साथ मेला क्षेत्र खाद्य सुरक्षा की जांच कर रही थी। दर्शनीयाटिकर ओपी के नकली आइसक्रीम फैक्ट्री का भंडाफोड़ हुआ है। खाद्य सुरक्षा पदाधिकारी अमित राम ने मीडिया को बताया कि गुप्त सूचना मिली थी दर्शनीयटिकर ओपी के समीप नकली आइसक्रीम का निर्माण किया जा रहा है। सूचना के आधार पर छापेमारी की गई तो करीब 200 किलो नकली आइसक्रीम बरामद किया गया। साथ ही मेला क्षेत्र के विभिन्न दुकानों में छापेमारी की गई मंदिर के समीप लगभग 100 किलो ग्राम मिलावटी पेड़ा जप्त किया गया। सभी जप्त किए गए नकली और मिलावटी खाद्य सामग्री को नष्ट कर दिया गया है। खाद्य सुरक्षा पदाधिकारी ने बताया कि किसी भी सूरत में नकली और मिलावटी खाद्य सामग्री बासुकीनाथ मेला क्षेत्र में बिकने नहीं देंगे। आने वाले श्रद्धालुओं को शुद्ध और साफ सुथरा भोजन उपलब्ध कराए जाएंगे इसके लिए जिला प्रशासन लगातार मेला क्षेत्र में खाद्य सामग्री का जांच कर रही है।